Bihar Assembly session: बिहार विधानसभा के शीतकालीन सत्र को लेकर जिला प्रशासन ने कसी कमर, DM-SSP ने सुरक्षा का लिया जायजा Bihar Assembly session: बिहार विधानसभा के शीतकालीन सत्र को लेकर जिला प्रशासन ने कसी कमर, DM-SSP ने सुरक्षा का लिया जायजा Bihar News: बिहार की 100 साल पुरानी इस ऐतिहासिक धर्मशाला को होगा कायाकल्प, पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा Bihar News: बिहार की 100 साल पुरानी इस ऐतिहासिक धर्मशाला को होगा कायाकल्प, पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा Patna news: आईएसएम पटना के 13वें दीक्षांत समारोह का आयोजन, पीजीडीएम स्नातक हुए सम्मानित Patna news: आईएसएम पटना के 13वें दीक्षांत समारोह का आयोजन, पीजीडीएम स्नातक हुए सम्मानित Bihar Crime News: न पासपोर्ट और ना ही वैध वीजा, बिहार में ट्रेन की जनरल बोगी से पकड़ा गया विदेशी नागरिक BIHAR NEWS : ज्वेलरी दुकान में लाखों की चोरी, दुकानदारों का सड़क जाम से प्रदर्शन; मचा हडकंप Patna Crime News: पटना पुलिस को मिली बड़ी सफलता, छिनतई की घटना को अंजाम देने वाले गिरोह का खुलासा; चार शातिर गिरफ्तार Patna Crime News: पटना पुलिस को मिली बड़ी सफलता, छिनतई की घटना को अंजाम देने वाले गिरोह का खुलासा; चार शातिर गिरफ्तार
1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Fri, 21 Feb 2025 07:38:18 PM IST
प्रतिकात्मक - फ़ोटो google
Bihar Teacher News: बिहार में बेपटरी शिक्षा व्यवस्था को फिर से पटरी पर लाने के लिए शिक्षा विभाग और उसके अधिकारी लगातार फैसले ले रहे हैं। शिक्षा विभाग के निर्देशों के बावजूद अभी भी ऐसे कई लापरवाह शिक्षक हैं जो अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं और सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं। ऐसे ही 12 शिक्षकों और चार हेडमास्टर के खिलाफ शिक्षा विभाग ने एक्शन ले लिया है।
दरअसल, शिक्षा विभाग ने राज्य के सभी स्कूलों के लिए ई-शिक्षा कोष के जरिए ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करना अनिवार्य किया है लेकिन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के गृह जिला नालंदा में कई ऐसे शिक्षक हैं जो शिक्षा विभाग के निर्देशों का पालन नहीं कर रहे हैं। जांच में शिक्षा विभाग ने पाया कि कई स्कूलों के शिक्षक स्कूल के समय के बाद कहीं से भी ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कर रहे थे। देर से स्कूल आने के बावजूद भी कई शिक्षक अपना अटेंडेंस बना रहे थे।
कुछ शिक्षक तो स्कूल से घर जाने के बाद अपनी हाजरी बनाते पाए गए हैं। जांच के बाद शिक्षा विभाग ने ऐसे शिक्षकों से बीते 18 फरवरी को स्पस्टीकरण मांगा था। शिक्षकों द्वारा संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया। जिसके बाद शिक्षा विभाग ने नालंदा के 12 शिक्षकों की सैलरी रोक दी। शिक्षा विभाग ने इस मामले में चार हेडमास्टर की भूमिका को संदिग्ध बताया है और उनका वेतन भी रोक दिया है। शिक्षा विभाग ने इन चार हेडमास्टर से भी शो-कॉज किया है।
शिक्षा विभाग ने जिन चार हेडमास्टर का वेतन रोका है, उसमें बिहारशरीफ का बाल विद्या कुंज मध्य विद्यालय, सोहडीह, शीतला प्लस टू उच्च विद्यालय, मघड़ा, प्राथमिक विद्यालय, पेधुका, उत्क्रमित मध्य विद्यालय, आशानगर शामिल हैं वहीं विभिन्न स्कूलों के एक दर्जन शिक्षक और शिक्षिका का वेतन रोक दिया गया है। शिक्षा विभाग के इस एक्शन से जिले के शिक्षकों में हड़कंप मच गया है।