1st Bihar Published by: First Bihar Updated Fri, 30 Jan 2026 06:46:33 AM IST
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Bihar weather: उत्तर भारत में मौसम ने एक बार फिर अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। पहाड़ी इलाकों में लगातार हो रही भारी बर्फबारी और मैदानी क्षेत्रों में चल रही शीतलहर से जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने दिल्ली-NCR, उत्तर प्रदेश, बिहार समेत कुल 5 राज्यों में बारिश, तेज हवाओं और घने कोहरे को लेकर अलर्ट जारी किया है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अगले 72 घंटे बेहद अहम हैं और इस दौरान हालात और बिगड़ सकते हैं।
पहाड़ों पर बर्फबारी, जनजीवन ठप
जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में लगातार बर्फबारी हो रही है। कई जगहों पर सड़क संपर्क टूट गया है, जिससे स्थानीय लोगों और पर्यटकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हिमाचल के लाहौल-स्पीति, किन्नौर और कुल्लू जिलों में तापमान शून्य से नीचे चला गया है। उत्तराखंड के बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री धाम में भी भारी हिमपात हुआ है, जिससे तीर्थयात्रा प्रभावित हुई है।
मैदानी इलाकों में शीतलहर का प्रकोप
मैदानी राज्यों में ठंड ने लोगों की कंपकंपी बढ़ा दी है। दिल्ली-NCR में तापमान सामान्य से काफी नीचे दर्ज किया जा रहा है और घना कोहरा दृश्यता को लगातार प्रभावित कर रहा है। कई इलाकों में सुबह के समय दृश्यता 50 मीटर से भी कम रही, जिससे सड़क, रेल और हवाई यातायात प्रभावित हुआ है। ट्रेनें घंटों देरी से चल रही हैं और कई उड़ानों को रद्द या डायवर्ट करना पड़ा है।
UP-बिहार समेत कई राज्यों में अलर्ट
IMD ने उत्तर प्रदेश, बिहार, दिल्ली, राजस्थान और पंजाब के कुछ हिस्सों में बारिश, तेज हवाओं और घने कोहरे की चेतावनी जारी की है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के कारण इन राज्यों में मौसम में अचानक बदलाव देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग के अनुसार अगले तीन दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं, जिससे ठंड और बढ़ेगी।
बिहार की बात करें तो राज्य के कई जिलों में ठंडी हवाओं के साथ हल्की बारिश की संभावना जताई गई है। पटना, गया, भागलपुर, मुजफ्फरपुर, दरभंगा और पूर्णिया समेत कई जिलों में घना कोहरा छाने की चेतावनी दी गई है। इससे सड़क हादसों की आशंका बढ़ गई है, वहीं ठंड से बचाव के लिए लोग अलाव का सहारा ले रहे हैं।
फसलों पर पड़ सकता है असर
मौसम के इस बदले मिजाज का असर खेती पर भी पड़ सकता है। उत्तर भारत में रबी फसलों की बुआई और वृद्धि इस समय अहम चरण में है। अचानक तापमान गिरने और बारिश से गेहूं, सरसों, आलू और सब्जी की फसलों को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है। विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि वे मौसम अपडेट पर नजर रखें और फसलों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाएं।
स्वास्थ्य पर भी खतरा
तेज ठंड और शीतलहर का असर लोगों के स्वास्थ्य पर भी पड़ रहा है। खासकर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार व्यक्तियों के लिए यह मौसम बेहद जोखिम भरा साबित हो सकता है। अस्पतालों में सर्दी, खांसी, जुकाम और सांस संबंधी बीमारियों के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। डॉक्टरों ने लोगों को गर्म कपड़े पहनने, ठंड से बचाव करने और अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचने की सलाह दी है।
प्रशासन अलर्ट मोड पर
मौसम विभाग की चेतावनी के बाद प्रशासन भी अलर्ट मोड पर है। दिल्ली-NCR, यूपी और बिहार में आपदा प्रबंधन टीमें सक्रिय कर दी गई हैं। नगर निगम और जिला प्रशासन ने अलाव की व्यवस्था, रैन बसेरों में सुविधाएं बढ़ाने और जरूरतमंद लोगों तक कंबल पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि खराब मौसम में सावधानी बरतें और बिना जरूरी कारण के यात्रा न करें।
अगले 72 घंटे बेहद अहम
IMD का कहना है कि आने वाले 72 घंटे मौसम के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण हैं। इस दौरान बारिश, तेज हवाओं और कोहरे का सिलसिला जारी रह सकता है। कुछ क्षेत्रों में ओलावृष्टि की भी संभावना जताई गई है। ऐसे में लोगों को मौसम विभाग की ताजा चेतावनी पर नजर रखने और आवश्यक सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
कुल मिलाकर, उत्तर भारत में मौसम ने एक बार फिर मुश्किलें बढ़ा दी हैं। पहाड़ों से लेकर मैदान तक ठंड, बर्फबारी, बारिश और कोहरे का असर साफ नजर आ रहा है। आने वाले दिनों में मौसम का मिजाज कैसा रहेगा, इस पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।