ब्रेकिंग
नई टोल नीति पर VIP का हमला: 'जनता पर आर्थिक बोझ डाल रही सरकार', फैसले को बताया जनविरोधी BJP की अंदरूनी कलह उजागर: प्रदेश प्रवक्ता ने सांसद गिरिराज सिंह पर लगाए गंभीर आरोप, कहा..बेगूसराय किसी के बाप की नहींगया में गांजा तस्करी का भंडाफोड़: देसी पिस्टल और कारतूस के साथ दो तस्कर गिरफ्तारपटना में 10 जुलाई को NDA की बड़ी बैठक: सीएम सम्राट चौधरी 5 दलों के जिलाध्यक्षों से करेंगे संवाद, नीतीश कुमार और सभी मंत्री रहेंगे मौजूदPMCH में नर्स के पति की मौत पर बवाल: अन्य नर्सों ने प्रबंधन के खिलाफ खोला मोर्चा, दोषी डॉक्टर पर कार्रवाई की मांगनई टोल नीति पर VIP का हमला: 'जनता पर आर्थिक बोझ डाल रही सरकार', फैसले को बताया जनविरोधी BJP की अंदरूनी कलह उजागर: प्रदेश प्रवक्ता ने सांसद गिरिराज सिंह पर लगाए गंभीर आरोप, कहा..बेगूसराय किसी के बाप की नहींगया में गांजा तस्करी का भंडाफोड़: देसी पिस्टल और कारतूस के साथ दो तस्कर गिरफ्तारपटना में 10 जुलाई को NDA की बड़ी बैठक: सीएम सम्राट चौधरी 5 दलों के जिलाध्यक्षों से करेंगे संवाद, नीतीश कुमार और सभी मंत्री रहेंगे मौजूदPMCH में नर्स के पति की मौत पर बवाल: अन्य नर्सों ने प्रबंधन के खिलाफ खोला मोर्चा, दोषी डॉक्टर पर कार्रवाई की मांग

सैकड़ों आंगनबाडी सेविका-सहायिका ने RJD दफ्तर को घेरा, तेजस्वी यादव से कर रहीं ये मांग

PATNA: अपनी विभिन्न मांगों को लेकर पूरे बिहार से पटना पहुंची सैकड़ों आगंनबाड़ी ने आरजेडी कार्यालय का घेराव कर दिया है। बड़ी संख्या में सेविका और सहायिका आरजेडी दफ्तर के बार धर

सैकड़ों आंगनबाडी सेविका-सहायिका ने RJD दफ्तर को घेरा, तेजस्वी यादव से कर रहीं ये मांग
Mukesh Srivastava
2 मिनट

PATNA: अपनी विभिन्न मांगों को लेकर पूरे बिहार से पटना पहुंची सैकड़ों आगंनबाड़ी ने आरजेडी कार्यालय का घेराव कर दिया है। बड़ी संख्या में सेविका और सहायिका आरजेडी दफ्तर के बार धरना पर बैठ गईं हैं और सेवा स्थाई करने की मांग कर रही हैं। 


दरअसल, अखिल भारतीय आंगनबाड़ी सेविका-सहायक संघ के बैनर तले सैकड़ों महिलाओं ने आरजेडी कार्यालय को घेर लिया है और डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव से सरकारी कर्मी का दर्जा देने की मांग कर रही हैं। धरना दे रहीं आंगनबाड़ी सेविकाओं का कहना है कि नीतीश सरकार ने सम्मान देने की बात कहकर उन्हें घर से बाहर निकलने को कहा और सरकार के कहने पर वे घर से बाहर निकलीं लेकिन जो सम्मान मिलना चाहिए था वह महिलाओं को नहीं मिला।


उनका कहना था कि कोरोना काल हो या टीकाकरण, भोजन, बच्चों को पढ़ाने समेत सभी काम आंगनबाड़ी सेविका और सहायिका से लिया जा रहा है लेकिन लेकिन जिस तरह का सम्मान मिलना चाहिए था सरकार नहीं दे रही है। वेतन के नाम पर सिर्फ 5950 रुपये मिलते हैं। महंगाई के इस दौर में इतने कम पैसों से घर कैसे चलेगा। उनका कहना था कि सरकार सरकारी कर्मी का दर्जा देकर उन्हें उचित सम्मान देने का काम करे।