बिहार में ये कैसी सरकार है, स्वास्थ्य विभाग के मंत्री और प्रधान सचिव में तालमेल नहीं, अलग-अलग दावों से लोगों में भारी कंफ्यूजन

बिहार में ये कैसी सरकार है, स्वास्थ्य विभाग के मंत्री और प्रधान सचिव में तालमेल नहीं, अलग-अलग दावों से लोगों में भारी कंफ्यूजन

PATNA : कोरोना को लेकर अब तक के सबसे गंभीर संकट के दौर में हर रोज नीतीश सरकार की कलई खुलती जा रही है. कोरोना संकट से निपटने की जिम्मेवारी जिस विभाग की है यानि स्वास्थ्य विभाग के मंत्री और प्रधान सचिव में कोई तालमेल नजर नहीं आ रहा है. दोनों के अलग अलग दावों से लोगों के बीच भ्रम बढ़ता जा रहा है.


मंत्री और प्रधान सचिव का हाल देखिये
बिहार के स्वास्थ्य विभाग के मंत्री और प्रधान सचिव के बीच तालमेल नहीं होने का मामला कल यानि बुधवार की रात सामने आया. कल रात बिहार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने ट्वीट किया. “बिहार में एक और कोरोना पॉजिटिव मरीज की पुष्टि हुई है. राज्य में कोरोना पॉजिटिव मरीजों की कुल संख्या 71 हुई.”


स्वास्थ्य मंत्री के इस ट्वीट के ठीक तीन मिनट बाद यानि 10 बजकर 09 मिनट पर स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव संजय कुमार ने ट्वीट किया. संजय कुमार ने कहा “बिहार में कोरोना के दो और पॉटिजिव केस सामने आ चुके हैं. पटना का एक 60 साल का व्यक्ति दुबई से आये एक पॉजिटिव व्यक्ति से संपर्क में आने के कारण संक्रमित हो चुका है. वहीं, वैशाली में भी 35 साल का एक व्यक्ति पॉजिटिव पाया गया है.”


सिर्फ तीन मिनट के अंतराल पर स्वास्थ्य मंत्री और प्रधान सचिव के ट्वीट में अलग-अलग जानकारी दी गयी. जबकि बिहार में चल रहे कोरोना टेस्ट सेंटर की जांच रिपोर्ट देर शाम रही आ गयी थी. काफी पहले से समाचार माध्यमों में ये खबर चल रही थी कि बिहार में दो और कोरोना पॉजिटिव मरीज की पहचान हो चुकी है. लेकिन रात के 10 बजकर 6मिनट पर मंत्री मंगल पांडेय सिर्फ 1 नये मरीज की पहचान होने की बात कह रहे थे. वहीं उनके प्रधान सचिव दो नये मरीजों की पहचान की बात कर रहे थे.


कोरोना संकट में बिहार सरकार कैसे काम कर रही है ये सिर्फ बानगी मात्र है. पहले भी ऐसे वाकये सामने आये हैं जब मंत्री और प्रधान सचिव के बयान अलग अलग रहे हैं. सवाल ये है कि कि जब मंत्री और प्रधान सचिव में ही तालमेल नहीं हो तो फिर निचले अधिकारियों का क्या हाल होगा.