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Supreme Court on Diwali: दिवाली पर सुप्रीम कोर्ट की बड़ी सौगात, शर्तों के साथ दी ग्रीन पटाखों की इजाजत

Supreme Court on Diwali: सुप्रीम कोर्ट ने दिवाली पर दिल्ली-एनसीआर में ग्रीन पटाखों की बिक्री और सीमित समय के लिए पटाखा जलाने की अनुमति दी है। लाइसेंसधारी उत्पादकों को 18 से 21 अक्टूबर तक पटाखे बेचने की छूट दी गई है।

Supreme Court on Diwali
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Mukesh Srivastava
3 मिनट

Supreme Court on Diwali: दिवाली से पहले सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली-एनसीआर के लोगों को बड़ा तोहफा दिया है। कोर्ट ने यहां ग्रीन पटाखों की बिक्री पर लगी रोक हटा दी है और सीमित समय के लिए पटाखे जलाने की भी अनुमति प्रदान की है।


मुख्य न्यायाधीश भूषण रामकृष्ण गवई ने कहा कि कोर्ट ने सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता और एमिकस क्यूरी के सुझावों पर विचार किया। इन सुझावों में त्योहार के अवसर पर पटाखा उत्पादकों और जनता को राहत देने की सिफारिश की गई थी।


सीजेआई गवई ने यह भी कहा कि ग्रीन पटाखों के अलावा अन्य पटाखों की तस्करी एक चिंता का विषय है और इसलिए संतुलित दृष्टिकोण अपनाना आवश्यक है। उन्होंने बताया कि हरियाणा के 14 जिले NCR क्षेत्र में आते हैं, यानी राज्य का लगभग 70 प्रतिशत हिस्सा पटाखों पर लगी रोक से प्रभावित था।


पिछली सुनवाई के दौरान सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कोर्ट से आग्रह किया था कि त्योहार के मौके पर पटाखे जलाने की अनुमति दी जाए। पटाखा उत्पादकों ने भी कहा था कि पराली जलाने और वाहनों के प्रदूषण पर ध्यान देना चाहिए, लेकिन केवल पटाखों को निशाना बनाया जा रहा है। कोर्ट को बताया गया कि साल 2018 में पटाखों पर बैन के बाद वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) में खास कमी नहीं आई है।


सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि पटाखों पर रोक के कारण दिल्ली-एनसीआर के प्रदूषण में खास फर्क नहीं पड़ा है, इसलिए उत्सव की भावना और पटाखा उद्योग से जुड़े लोगों के हितों का भी ध्यान रखना जरूरी है। एनसीटी और केंद्र सरकार ने भी कोर्ट से पटाखों पर रियायत की मांग की थी।


कोर्ट ने केवल उन्हीं उत्पादकों को पटाखों की बिक्री की अनुमति दी है जिनके पास नेशनल इनवायरमेंटल इंजीनियरिंग रिसर्च इंस्टीट्यूट और पेट्रोलियम एंड एक्सप्लोसिव सेफ्टी ऑर्गनाइजेशन का लाइसेंस है। इन लाइसेंसधारियों को 18 से 21 अक्टूबर तक सीमित स्थानों पर पटाखा बेचने की अनुमति दी गई है।


कोर्ट ने पेट्रोलिंग टीम को निगरानी और सैंपल जांच के निर्देश दिए हैं। साथ ही कहा कि केवल QR कोड वाले पटाखे ही बेचे जाएं और गैरकानूनी पटाखे बेचने वालों पर सख्त कार्रवाई हो। पटाखे जलाने का समय भी सीमित किया गया है। कोर्ट ने बताया कि दिवाली के दिन और उससे पहले सुबह 6 से 7 बजे तक और शाम को 8 से 10 बजे तक ही पटाखे जलाने की अनुमति रहेगी।

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रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता