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Bihar News: बिहार में मिला इतने हजार करोड़ का खनिज, खजाने की ई-नीलामी की तैयारी में जुटी केंद्र सरकार

Bihar News: बिहार के जमुई में माजोस और भंता मैग्नेटाइट ब्लॉकों की ई-नीलामी जल्द होगी शुरू। 4325.76 करोड़ रुपये की आरक्षित राशि तय, 54.89 मिलियन टन खनिज की उम्मीद..

Bihar News
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Deepak Kumar
Deepak Kumar
3 मिनट

Bihar News: बिहार के जमुई जिले में छिपा खनिज खजाना अब राज्य की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों पर ले जाने को तैयार है। केंद्र सरकार ने जमुई के माजोस और भंता मैग्नेटाइट ब्लॉकों की संयुक्त ई-नीलामी की घोषणा की है, जिसके लिए 4325.76 करोड़ रुपये की आरक्षित राशि तय की गई है। यह कदम बिहार के खनन क्षेत्र में निवेश, रोजगार और औद्योगिक विकास की नई संभावनाएं खोलेगा। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बताया कि माजोस और भंता ब्लॉकों को एकीकृत कर 54.89 मिलियन टन खनिज संसाधनों वाले संयुक्त ब्लॉक की नीलामी की जाएगी।


पहले इन ब्लॉकों की नीलामी शुरू की गई थी, लेकिन माजोस और भंता के लिए तकनीकी रूप से योग्य बोलीदाता तीन से कम होने के कारण प्रक्रिया रद्द कर दी गई थी। अब दोनों ब्लॉकों को एकीकृत कर नीलामी का निर्णय लिया गया है, क्योंकि दोनों में एक ही प्रकार का खनिज (मैग्नेटाइट) है और उनकी सीमाएं आपस में जुड़ी हैं। माजोस ब्लॉक में 48.4 मिलियन टन और भंता में 6.49 मिलियन टन संसाधन हैं। इस एकीकरण से खनन प्रक्रिया आसान होगी, संसाधनों की बर्बादी रुकेगी और नीलामी में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी।


बिहार सरकार ने इस नीलामी के लिए स्टेट बैंक कैपिटल मार्केट्स लिमिटेड को ट्रांजैक्शन एडवाइजर और मेटल स्क्रैप ट्रेड कॉरपोरेशन लिमिटेड को नीलामी प्लेटफॉर्म नियुक्त किया है। आरक्षित मूल्य की गणना भारतीय भू-वैज्ञानिक सर्वेक्षण और भारतीय खान ब्यूरो की दरों के आधार पर की गई है। इससे पहले, रोहतास जिले के भोरा-कटोरा चूना पत्थर ब्लॉक की नीलामी सफल रही थी, जिसने बिहार के खनन क्षेत्र में विश्वास बढ़ाया है। सरकार को उम्मीद है कि माजोस-भंता की नीलामी से न केवल राजस्व बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे।


यह नीलामी बिहार के लिए एक ऐतिहासिक कदम है। लंबे समय तक यह धारणा थी कि 2000 में झारखंड के अलग होने के बाद बिहार खनिज संपदा से वंचित हो गया। लेकिन हाल के वर्षों में जीएसआई की खोज ने जमुई, रोहतास और गया जैसे जिलों में मैग्नेटाइट, चूना पत्थर और ग्लौकोनाइट जैसे खनिजों के भंडार उजागर किए हैं। माजोस-भंता ब्लॉकों की नीलामी से बिहार न केवल आर्थिक रूप से समृद्ध होगा, बल्कि औद्योगिक विकास के नए रास्ते भी खुलेंगे। अब सभी की नजर इस बात पर है कि यह नीलामी कब और कितनी सफलता के साथ पूरी होगी।

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