ब्रेकिंग न्यूज़

BIHAR: दो बाइक की सीधी टक्कर में वकील की मौत, घायल युवक DMCH रेफर मुंगेर में अवैध गिट्टी और बालू ढुलाई पर प्रशासन की सख्त कार्रवाई, 5 गिरफ्तार, 47 लाख का जुर्माना NEET छात्रा हत्याकांड!: जहानाबाद में 25 KM लंबा मार्च, सरकार पर लीपापोती का आरोप BIHAR: रंगदारी मामले में निलंबित थानाध्यक्ष अमरज्योति ने किया सरेंडर, कोर्ट ने भेजा जेल पटना में साइबर ठगी का बड़ा खुलासा: तीन कॉल सेंटरों पर रेड, 22 गिरफ्तार फ्लैट खरीदारों के हित पर जोर: रेरा बिहार कार्यक्रम में न्यायमूर्ति चक्रधारी शरण सिंह का मार्गदर्शन बिहार में अवैध खनन पर सरकार सख्त: सारण में कई वाहन जब्त, 75.65 लाख का जुर्माना राशनकार्ड धारकों को बड़ी राहत: होली और दिवाली पर मिलेगा मुफ्त गैस सिलेंडर Bihar News: जनगणना को लेकर नीतीश सरकार ने शुरू की तैयारी, समन्वय समिति की हुई बैठक; पूछे जाएंगे आपसे 33 सवाल Bihar News: जनगणना को लेकर नीतीश सरकार ने शुरू की तैयारी, समन्वय समिति की हुई बैठक; पूछे जाएंगे आपसे 33 सवाल

शिक्षकों के लिए स्पेशल बस चलाने की मांग, माध्यमिक शिक्षक संघ ने डीएम को लिखा पत्र

शिक्षकों के लिए स्पेशल बस चलाने की मांग, माध्यमिक शिक्षक संघ ने डीएम को लिखा पत्र

29-Jun-2020 11:23 PM

PATNA : पटना प्रमंडल माध्यमिक शिक्षक संघ के सचिव चंद्र किशोर कुमार ने पटना के जिलाधिकारी और जिला शिक्षा पदाधिकारी को पत्र लिखकर पटना जिला के विभिन्न सडक रूटो में यथा मरांची, डुमरी, पालीगंज, मसौढी, विक्रम आदि इलाकों में बिहार राज्य पथ परिवहन की विशेष बसों को चलाने का अनुरोध किया है ताकि इन सुदूर इलाकों में रेल सेवा बाधित रहने तथा आवागमन के साधनों की समुचित संख्या में परिचालन व्यवस्था नहीं रहने के कारण  जिला के शिक्षक विशेषकर महिला और दिव्यांग शिक्षक अपने विद्यालयों में कर्तव्य पर उपस्थित हो सके।


उन्होंने कहा कि लॉकडाउन के दौरान राज्य सरकार ने विशेषकर महिला और विकलांग शिक्षकों को अपने घर के आस-पास के विद्यालयों एवं कोरोंटाईन सेंटरों में योगदान कर सेवा देने का निर्देश दिया था। मगर पिछले दिनों जिला शिक्षा पदाधिकारी ने बिना स्थिति के समीक्षा किए हुए महिला और दिव्यांग शिक्षकों को उनके मूल विद्यालयो में योगदान करने व प्रतिदिन विद्यालयों में ही रहकर कार्य करने का फरमान जारी कर दिया।


चंद्र किशोर कुमार ने कहा कि अनलॉक होने के बाद भी एक तरह जहां लोकल रेल सेवा बंद हैं तो वहीं दूसरी तरफ आवागमन के साधन भी अभी सुगम नहीं हुए हैं और जिला के इन सुदूर इलाकों के लिए भी कोई सीधी सवारी व व्यवस्था नहीं है। साथ ही सरकार के निर्देशानुसार फिजिकल डिस्टेसिंग का भी पालन करना है। ऐसे में शिक्षकों को जहां अनावश्यक अधिक पैसे खर्च करने पड़ रहे वहीं आने जाने में कई जगह सवारी बदलने के कारण परेशानी के साथ साथ अत्यधिक समय भी लग रहा है। जबकि सभी विद्यालयों में पठन-पाठन भी स्थगित है।


उन्होंने मांग की है कि जब तक रेल सेवा एवं अन्य परिचालन सामान्य नहीं हो जाता तब तक शिक्षकों के लिए बिहार राज्य पथ परिवहन की विशेष बसों का परिचालन सुदूर इलाकों के रूटों पर की जाए या पूर्व की तरह शिक्षकों को विशेष कर महिला व दिव्यांग शिक्षकों को उनके घर के आस-पास के विद्यालयों में ही रहकर सेवा देने का निर्देश दिया जाय।