कोल्हापुर में श्री विद्या कोटि कुमकुमार्चन महायज्ञ, स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी ने देश की प्रगति और सनातन धर्म के लिए दिया संदेश कोल्हापुर में श्री विद्या कोटि कुमकुमार्चन महायज्ञ, स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी ने देश की प्रगति और सनातन धर्म के लिए दिया संदेश Bihar Crime: मामूली विवाद ने लिया हिंसक रूप, दबंगों ने घर पर चढ़कर की फायरिंग, वीडियो वायरल प्रीमियम पेट्रोल के बाद इंडस्ट्रियल डीजल भी हुआ महंगा, IOC ने बढ़ा दिया इतना रेट; आम लोगों पर क्या होगा असर? प्रीमियम पेट्रोल के बाद इंडस्ट्रियल डीजल भी हुआ महंगा, IOC ने बढ़ा दिया इतना रेट; आम लोगों पर क्या होगा असर? Bihar Mausam Update: बिहार के इन 15 जिलों में बारिश का अलर्ट..तेज हवा भी चलेगी, आपदा प्रबंधन विभाग ने 21 मार्च तक के लिए जारी किया चेतावनी बिहार में ऑर्केस्ट्रा के नाम पर चल रहा मानव तस्करी का खेल, 9 नाबालिग समेत 10 लड़कियों का रेस्क्यू बिहार में ऑर्केस्ट्रा के नाम पर चल रहा मानव तस्करी का खेल, 9 नाबालिग समेत 10 लड़कियों का रेस्क्यू BPL solar panel : बिहार में बीपीएल परिवारों के लिए बड़ी राहत! घर की छत पर अब फ्री सोलर पैनल, जानें इसके लिए कब तक कर सकते हैं अप्लाई? इस साल अगर आपका भी है टॉपरों की लिस्ट में नाम, तो हो जाएंगे मालामाल: BSEB ने प्राइज मनी में किया बदलाव, जानिए अब कितनी मिलेगी राशि
01-Oct-2025 09:18 PM
By First Bihar
DESK: नवरात्रि के अवसर पर एक किसान की किस्मत अचानक चमक गई। पन्ना जिले के गुजार गांव पंचायत राहुनिया निवासी 67 वर्षीय गोविंद सिंह आदिवासी सोमवार की सुबह माता की माड़िया मंदिर दर्शन के लिए जा रहे थे। इसी दौरान मंदिर मार्ग पर पड़ी ग्रेवल (चाल) में उनकी नजर एक चमचमाते पत्थर पर पड़ी। पास जाकर देखने पर उन्हें शक हुआ और उन्होंने पत्थर उठा लिया।
घर पहुंचकर जब गोविंद सिंह ने पत्थर परिजनों को दिखाया, तो सभी दंग रह गए। परिजनों की सलाह पर वे अपने बेटे जाहर सिंह के साथ हीरा कार्यालय पहुंचे और वहां जमा कराया। विशेषज्ञ अनुपम सिंह ने जांच के बाद बताया कि यह 4.4 कैरेट का अत्यंत उज्ज्वल और शुद्ध हीरा है, जिसकी कीमत बाजार में लगभग 20 लाख रुपये या उससे अधिक हो सकती है।
हीरा फिलहाल नीलामी प्रक्रिया से गुजरकर शासन के राजस्व में जमा होगा। उसके बाद तय नियमों के अनुसार गोविंद सिंह को राशि दी जाएगी। हीरा मिलने से किसान का परिवार बेहद खुश है। गोविंद ने बताया कि मैं तो मंदिर दर्शन करने निकला था, यह हीरा मुझे माता का वरदान लगता है। हमारी जिंदगी अब बदल जाएगी।
उन्होंने बताया कि हीरे से मिलने वाली रकम से परिवार की आर्थिक स्थिति सुधरेगी। वहीं, बेटे जाहर सिंह ने कहा कि सबसे पहले इस राशि से परिवार की बुनियादी जरूरतें पूरी की जाएंगी और बाकी रकम बच्चों की पढ़ाई-लिखाई और खेती-बाड़ी में लगाई जाएगी।
गौरतलब है कि पन्ना जिले की धरती हीरों के लिए प्रसिद्ध है। यहां सरकार की ओर से जारी खनन पट्टों से लोग हीरे तलाशते हैं। कई बार वर्षों की मेहनत के बाद भी निराशा हाथ लगती है, लेकिन कभी-कभी अचानक किस्मत किसी साधारण किसान को लखपति बना देती है। हीरा मिलने की खबर फैलते ही गोविंद सिंह के घर बधाई देने वालों का तांता लग गया और पूरा परिवार खुशी से झूम उठा।