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AI Stethoscope: AI ने बदल दिया स्टेथेस्कोप का रूप, अब 15 सेकंड में पता चलेगी बीमारी

AI Stethoscope: अब तकनीक और हेल्थकेयर एक साथ मिलकर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। इसी कड़ी में अब स्टेथेस्कोप में भी AI का इस्तेमाल होने लगा है। लेकिन अब AI की मदद से यही काम सिर्फ 15 सेकेंड में हो सकता है।

AI Stethoscope

01-Sep-2025 01:43 PM

By First Bihar

AI Stethoscope: अब तकनीक और हेल्थकेयर एक साथ मिलकर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। इसी कड़ी में अब स्टेथेस्कोप में भी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल होने लगा है। पहले डॉक्टरों को मरीज की सांस या धड़कन सुनकर बीमारी का अंदाजा लगाने में काफी समय लगता था, लेकिन अब AI की मदद से यही काम सिर्फ 15 सेकेंड में हो सकता है।


इस स्मार्ट स्टेथेस्कोप में खास सेंसर और AI तकनीक लगी होती है। जब डॉक्टर इसे मरीज के सीने या पीठ पर रखते हैं, तो यह शरीर की आवाज रिकॉर्ड करता है। इसके बाद AI उस आवाज का विश्लेषण करता है और कुछ ही सेकेंड में बता देता है कि मरीज को दिल, फेफड़ों या खून से जुड़ी कोई बीमारी है या नहीं। इस AI स्टेथेस्कोप से दिल की बीमारी जैसे हार्ट मर्मर, हार्ट फेल्योर, सांस की समस्या जैसे अस्थमा, ब्रोंकाइटिस, न्यूमोनिया, और ब्लड प्रेशर जैसी कई परेशानियों का जल्दी और आसानी से पता चल सकता है।


बड़ी बात यह है कि इससे समय की बचत होती है और बीमारी की पहचान शुरुआती स्टेज में ही हो जाती है, जिससे इलाज जल्दी शुरू किया जा सकता है। डॉक्टरों का कहना है कि यह तकनीक डॉक्टरों की मदद करती है, उनकी जगह नहीं लेती। यह खासकर उन इलाकों में ज्यादा फायदेमंद है जहां अच्छे डॉक्टर आसानी से उपलब्ध नहीं होते।भविष्य में यह तकनीक और भी उन्नत होगी और खुद से रिपोर्ट बनाकर डॉक्टरों को मरीज की जानकारी दे सकेगी। कुल मिलाकर, AI स्टेथेस्कोप हेल्थकेयर सिस्टम में एक बड़ा और फायदेमंद बदलाव साबित हो रहा है।