Bihar Politics: एससी-एसटी के आरक्षण को लेकर एनडीए के भीतर घमासान बढ़ता जा रहा है। हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा के अध्यक्ष संतोष सुमन के बाद अब उनके पिता और पार्टी के संरक्षण जीतन राम मांझी ने भी लोजपा (रामविलास) के चीफ चिराग पासवान पर पलटवार किया है। जीतन राम मांझी ने भी चिराग पासवान से इस्तीफा मांग दिया है।
गयाजी में पार्टी के कार्यक्रम में पहुंचे जीतन राम माझी ने कहा कि चिराग पासवान को ही इस्तीफा दे देना चाहिए। वह नहीं समझ रहे हैं कि संतोष सुमन क्या कह रहे हैं। वैसे-वैसे लोगों को आरक्षण के लाभ से वंचित हो जाना पड़ेगा, इसलिए वह ऐसा कह रहे हैं। हम कहते हैं कि लार्जर लोगों के हित में आरक्षण में बंटवारा बहुत जरूरी है। संतोष सुमन ने कोई नई बात नहीं कही है। हमारी पार्टी का एक सिद्धांत है, जिसके तहत उन्होंने ऐसा कहा है। चाहे जो भी हो हमलोग इसके लिए पूरी मजबूती के साथ लड़ेंगे। गरीबों को वह देखना नहीं चाहते हैं इसलिए उनको इस्तीफा दे देना चाहिए।
जीतन राम मांझी ने कहा कि आज एससी में बिहार में जो 22 जातियां हैं, उनमें से सिर्फ चार जातियों को छोड़कर बाकी सभी जातियां हासिए पर हैं। सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया है कि अगर राज्य चाहे तो आरक्षण में वर्गीकरण कर सकता है और इसी के आधार पर पंजाब में किया गया है। मैं आरक्षण को तोड़ने की बात बिल्कुल नहीं कर रहा हूं। हमलोग आरक्षण हटाने की बात नहीं करते हैं।
उन्होंने कहा कि हमारी पार्टी के जो राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं संतोष सुमन उन्होंने कहा है कि आरक्षण में हमें अलग से आरक्षण दीजिए। जिसकी सामाजिक, शैक्षणिक और राजनीतिक स्थिति खराब है उनको मदद कीजिए और कोटा दीजिए। संख्या के हिसाब से हिस्सेदारी मिलनी चाहिए। जब हमारी जनसंख्या अधिक है तो कम जनसंख्या वालों को अधिक लाभ क्यों दिया जा रहा है। मांझी ने कहा है कि हमने केंद्रीय सरकार में भी इस मुद्दे को प्रधानमंत्री के सामने उठाया था।
रिपोर्ट- नितम राज, गयाजी





