ब्रेकिंग
बिहार में उच्च शिक्षा की खुली पोल: NIRF रैंकिंग में निराशाजनक प्रदर्शन, Top 100 में एक भी विश्वविद्यालय नहींइंटरनेशनल फेक करेंसी गैंग का सरगना बिहार से अरेस्ट, STF और जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई; मिलिट्री इंटेलिजेंस के इनपुट पर एक्शनपटना में दिनदहाड़े युवक-युवती पर चाकू से हमला, वायरल वीडियो से मचा हड़कंपपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरीबिहार में उच्च शिक्षा की खुली पोल: NIRF रैंकिंग में निराशाजनक प्रदर्शन, Top 100 में एक भी विश्वविद्यालय नहींइंटरनेशनल फेक करेंसी गैंग का सरगना बिहार से अरेस्ट, STF और जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई; मिलिट्री इंटेलिजेंस के इनपुट पर एक्शनपटना में दिनदहाड़े युवक-युवती पर चाकू से हमला, वायरल वीडियो से मचा हड़कंपपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरी

लोकसभा चुनाव से पहले ECI का कड़ा निर्देश, अब पॉलिटिकल पार्टियां प्रचार के दौरान नहीं करे सकेंगे यह काम

PATNA : लोकसभा चुनाव से पहले भारतीय चुनाव आयोग ने सभी राजनीतिक दलों को सख्त निर्देश जारी किए हैं। चुनाव आयोग ने निर्देश दिया है कि - राजनीतिक दलों व उम्मीदवारों को किसी भी चुनाव अभियान और रैलियों म

लोकसभा चुनाव से पहले ECI का कड़ा निर्देश, अब पॉलिटिकल पार्टियां प्रचार के दौरान नहीं करे सकेंगे यह काम
Tejpratap
Tejpratap
2 मिनट

PATNA : लोकसभा चुनाव से पहले भारतीय चुनाव आयोग ने सभी राजनीतिक दलों को सख्त निर्देश जारी किए हैं। चुनाव आयोग ने निर्देश दिया है कि - राजनीतिक दलों व उम्मीदवारों को किसी भी चुनाव अभियान और रैलियों में बच्चों के इस्तेमाल से बचना चाहिए। चुनाव आयोग ने एक बयान जारी किया है। इसके तहत उन्होंने ने पार्टियों को भेजे गए एक निर्देश में चुनाव-प्रचार के दौरान किसी भी तरह से बच्चों के इस्तेमाल के प्रति जीरो टॉलरेंस की बात कही है।


चुनाव आयोग के तरफ से जो निर्देश जारी किए गए हैं उसके मुताबिक - राजनीतिक दलों को स्पष्ट रूप से निर्देश दिया गया है कि वे किसी भी चुनाव में बच्चों को शामिल नहीं करें। इसके साथ ही रैलियों, नारे लगाने, पोस्टर वितरित करने सहित अभियान से बच्चों को दूर रखें। इसके अलावा चुनाव प्रचार या रैलियों के दौरान राजनीतिक नेताओं और उम्मीदवारों को अपने वाहन में बच्चे को गोद में रखने या ले जाने की भी अनुमति नहीं है।


  • चुनाव आयोग ने बच्चों के किसी और तरीके के इस्तेमाल पर भी प्रतिबंध लगाया है। हालांकि, अपने माता-पिता के साथ मौजूदगी को बच्चों के लिए चुनाव आयोग द्वारा जारी दिशा निर्देशों का उल्लंघन नहीं माना जाएगा। चुनाव आयोग ने अपने बयान में कहा कि आयोग किसी भी तरह से राजनीतिक अभियान में बच्चों के भागीदारी पर रोक लगाता है, जैसे बच्चों द्वारा कविता पाठन हो, उनके द्वारा किसी पार्टी को लेकर बोले गए शब्द हो या फिर किसी भी राजनीतिक पार्टी या उम्मीदवार के प्रतीक चिन्ह का प्रदर्शन शामिल हो।


आपको बताते चलें कि, मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने चुनाव आयोग के प्रमुख हितधारकों के रूप में राजनीतिक दलों की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर दिया है और उनसे लोकतांत्रिक मूल्यों को बनाए रखने में सक्रिय भागीदार बनने का आग्रह किया है।