Bihar Industrial Parks: बिहार में नए औद्योगिक पार्कों की तैयारी, 24 जिलों में 11,713 एकड़ भूमि अधिग्रहण के लिए काम हुआ तेज

Bihar Industrial Parks: बिहार में नए औद्योगिक पार्कों के लिए 24 जिलों में 11,713 एकड़ से अधिक भूमि अधिग्रहण हेतु सामाजिक प्रभाव आकलन शुरू, जन सुनवाई और आम लोगों की राय ली जा रही है।

1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Sat, 17 Jan 2026 01:42:24 PM IST

Bihar Industrial Parks

प्रतिकात्मक - फ़ोटो AI

Bihar Industrial Parks: बिहार में औद्योगिक विकास को गति देने की दिशा में राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने नए औद्योगिक पार्कों के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज कर दी है। इसके तहत राज्य के 24 जिलों में प्रस्तावित औद्योगिक क्षेत्रों के लिए 11,713 एकड़ से अधिक जमीन अधिग्रहण हेतु सामाजिक प्रभाव आकलन शुरू कर दिया गया है।


सामाजिक प्रभाव आकलन भूमि अधिग्रहण की प्रारंभिक और अनिवार्य प्रक्रिया होती है, जिसके माध्यम से यह तय किया जाता है कि प्रस्तावित अधिग्रहण समाज और स्थानीय लोगों के हित में है या नहीं। इस प्रक्रिया के दौरान जन सुनवाई आयोजित की जाती है, जिसमें आम जनता की राय ली जाती है और उनकी आपत्तियों को दर्ज किया जाता है।


जानकारी के अनुसार गया, वैशाली और बेगूसराय समेत कई जिलों में बड़े पैमाने पर भूमि अधिग्रहण का प्रस्ताव है। इससे इन क्षेत्रों में मेगा औद्योगिक पार्कों के निर्माण का रास्ता साफ होगा और राज्य में निवेश व रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।


हाल ही में विभागीय निदेशक की अध्यक्षता में भू-अर्जन पदाधिकारियों की बैठक हुई, जिसमें मेगा औद्योगिक पार्कों के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। बैठक में कहा गया कि जिन जिलों को सामाजिक प्रभाव आकलन के लिए आवंटन मिल चुका है, वहां यह कार्य तत्काल शुरू किया जाए।


बैठक में यह भी बताया गया कि कुछ जिलों में जन सुनवाई की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। ऐसे जिलों में संबंधित एजेंसियों को अपनी सामाजिक प्रभाव आकलन रिपोर्ट जिला भू-अर्जन पदाधिकारी को सौंपने का निर्देश दिया गया है। वहीं, कुछ जिलों के लिए बिहार औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकरण (बियाडा) की ओर से अब तक अधियाचना नहीं भेजे जाने की जानकारी भी सामने आई है।


राज्य सरकार का मानना है कि भूमि अधिग्रहण की इस प्रक्रिया के पूरा होने के बाद बिहार में औद्योगिक बुनियादी ढांचे को मजबूती मिलेगी और आर्थिक विकास को नई रफ्तार मिलेगी।