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India Post : पोस्ट ऑफिस में जमा करते हैं पैसे तो हो जाएं सावधान, डाक विभाग ने बंद किए 50 हजार से अधिक खाते

India Post : बिहार में डाक विभाग ने फर्जीवाड़े पर बड़ा प्रहार किया है। सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए जाली कागजातों से खुले 50,577 खातों को अब बंद कर दिया गया है।

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डाक विभाग
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Deepak Kumar
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India Post : डाक विभाग बिहार सर्किल ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए जाली खाताधारियों की पहचान की, जिसमें पटना सहित 10 जिले सबसे आगे रहे। सात जिलों में तो एक हजार से ज्यादा फर्जी खाते पकड़े गए। जिसके बाद लोगों में हड़कंप मच गया है। 


डाक विभाग की पैनी नजर

बताते चलें कि डाक विभाग को शक हुआ कि कई खाते गलत दस्तावेजों के जरिए खोले गए हैं। जांच शुरू हुई तो पता चला कि पूरे बिहार में 50,577 खाते फर्जी हैं। इन खातों को सरकारी योजनाओं की राशि हड़पने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था। पटना में सबसे ज्यादा 9,654 फर्जी खाताधारी पकड़े गए, जबकि भागलपुर में 5,654 और औरंगाबाद में 3,432 खाते बंद हुए। डाक विभाग बिहार सर्किल के निदेशक पवन कुमार ने बताया, "हमने हर जिले में जाँच की, और जहाँ भी फर्जीवाड़ा मिला, वहाँ सख्ती बरती।"


सात जिलों में 1,000 से ज्यादा खाते बंद

इस कार्रवाई में सात जिले ऐसे निकले, जहाँ फर्जी खातों की संख्या 1,000 से ऊपर थी। पटना (9,654) के बाद भागलपुर (5,654), औरंगाबाद (3,432), दरभंगा (3,345), मधुबनी (2,238), नालंदा (2,342) और पूर्णिया (1,143) इस लिस्ट में शामिल हैं। सीतामढ़ी में 954 और रोहतास में 654 खाते बंद हुए। ये आँकड़े बताते हैं कि फर्जीवाड़ा पूरे राज्य में फैला था, लेकिन कुछ जिलों में यह खेल हद से ज्यादा बड़ा था। 


13 लाख से ज्यादा खाते साल भर में हुए बंद

पिछले एक साल में बिहार के डाकघरों ने 13,96,970 खाते बंद किए, वहीं 17,27,756 नए खाते खोले। इस बार खाता खोलने का टारगेट पूरा हुआ, जिसमें समस्तीपुर जिला सबसे आगे रहा। यहाँ 1,36,369 नए खाते खुले। इसके बाद पूर्वी चंपारण (1,23,409), गया (1,26,955), दरभंगा (1,08,834) और पटना साहिब (89,990) का नंबर आता है। डाक विभाग ने साफ कर दिया कि फर्जी खातों को बंद करने के साथ-साथ सही ग्राहकों को जोड़ने पर भी पूरा ध्यान दिया जा रहा है। 


डाकघरों को सख्त निर्देश

इस बड़े फर्जीवाड़े के बाद डाक विभाग ने सभी डाकघरों को सख्त हिदायत दी है। अब खाता खोलने से पहले हर दस्तावेज की बारीकी से जाँच होगी। निदेशक पवन कुमार ने कहा, "हमने डाकघरों को साफ कह दिया है कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। सही जाँच के बाद ही खाता खोला जाए।" 


बिहार के टॉप 10 जिले जहाँ खुले सबसे ज्यादा खाते

नए खातों की बात करें तो समस्तीपुर (1,36,369) के बाद पूर्वी चंपारण (1,23,409), गया (1,26,955), दरभंगा (1,08,834), सीवान (91,988), नालंदा (89,315), भोजपुर (89,064), पटना साहिब (89,990), वैशाली (70,994) और नवादा (58,188) शामिल हैं।