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Bihar News: अब नए सिरे से विकसित होंगे प्रदेश के सभी शहर, बढती आबादी को ध्यान में रखते हुए बनने जा रहा मास्टर प्लान

Bihar News: बिहार के शहर अब नए रंग-रूप में ढलने को तैयार हैं। राज्य सरकार ने सुनियोजित शहरीकरण की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए 38 जिला प्लानिंग एरिया अथॉरिटी (जिला आयोजना क्षेत्र प्राधिकार) के गठन को मंजूरी दे दी है।

Bihar News
प्रतीकात्मक
© Meta
Deepak Kumar
Deepak Kumar
3 मिनट

Bihar News: इस नवीनतम शहरीकरण के लिए 1350 नए पदों का सृजन भी स्वीकृत हो चुका है। इन प्राधिकारों का मकसद है हर जिले के लिए मास्टर प्लान तैयार करना, ताकि अगले 20 साल की आबादी को ध्यान में रखते हुए आवासीय, वाणिज्यिक और औद्योगिक क्षेत्रों के साथ सड़क, नाली और बुनियादी सुविधाओं का विकास भी योजनाबद्ध तरीके से हो सके। 


मास्टर प्लान से बदलेगी तस्वीर?

नगर विकास एवं आवास मंत्री जीवेश कुमार ने कहा है कि “हमारा लक्ष्य है बिहार के हर शहर का विकास नियोजित ढंग से हो सके। इन 1350 नए पदों से शहरीकरण की रफ्तार बढ़ेगी और शहरों के साथ-साथ आसपास के इलाकों का भी समग्र विकास होगा।” उन्होंने बताया कि पटना में प्रस्तावित जिला प्लानिंग अथॉरिटी, पटना महानगर क्षेत्र प्राधिकार से अलग काम करेगी और बाकी इलाकों पर फोकस करेगी। हर जिले के नगर निकायों में विकास योजनाएँ बनाने और उन्हें लागू करने में इन प्राधिकारों की अहम भूमिका रहने वाली है। सैटेलाइट टाउनशिप और एरिया डेवलपमेंट स्कीम जैसी परियोजनाएँ भी तेजी से आगे बढ़ेंगी।


मास्टर प्लान 

शहरों के विकास के लिए GIS (जियोग्राफिक इन्फॉर्मेशन सिस्टम) आधारित मास्टर प्लान तैयार किया जाएगा। यह तकनीक जमीन के इस्तेमाल को डिजिटल नक्शे में बदलेगी, जिसमें सड़क नेटवर्क, जल निकासी और दूसरी सुविधाओं की पूरी रूपरेखा शामिल होगी। नगर विकास विभाग अभी सभी शहरों की GIS मैपिंग पर काम कर रहा है। आने वाले दिनों में बड़े शहरों में टाउनशिप परियोजनाएँ भी शुरू होंगी। यह प्लान अगले दो दशकों की जरूरतों को ध्यान में रखकर बनाया जा रहा है, ताकि विकास में किसी भी प्रकार की कमी न रहे।


पदों का बँटवारा और नियुक्ति

बता दें कि 1350 पदों को जिला और प्रमंडल स्तर पर वर्गीकृत किया गया है। 9 प्रमंडलीय जिला मुख्यालयों में हर प्राधिकार के लिए 39 पद, बाकी 29 जिलों में 34 पद प्रति प्राधिकार, और पटना महानगर क्षेत्र के लिए 13 अतिरिक्त पद (9 सहायक नगर योजना पर्यवेक्षक और 4 उप नगर योजना पर्यवेक्षक) सृजित होंगे। इनमें मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी, कार्यपालक अभियंता, नगर निवेशक, सांख्यिकी पदाधिकारी जैसे बड़े भी पद शामिल हैं। इसके अलावा, GIS एक्सपर्ट, आईटी मैनेजर, डेटा इंट्री ऑपरेटर और मल्टी टास्किंग स्टाफ की भर्ती बेल्ट्रॉन या विभाग द्वारा निर्धारित एजेंसी के जरिए होगी। इस विषय पर सचिव अभय कुमार सिंह ने कहा है , “ये नियुक्तियाँ तय मानदेय पर होंगी, जिससे काम में तेजी आएगी।”

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