1st Bihar Published by: First Bihar Updated Mar 20, 2025, 12:26:00 PM
BPSC शिक्षक बहाली - फ़ोटो google
Bihar Teacher News: बिहार लोक सेवा आयोग शिक्षक भर्ती के तीसरे चरण में गड़बड़ी का मामला सामने आया है। दरअसल, अभ्यर्थियों की काउंसिलिंग हिंदी विषय के लिए हुई थी, लेकिन लेकिन नियुक्ति पत्र लो-विजन का मिला है, शिक्षकों की नियुक्ति में कोटि से लेकर विषय तक को बदल दिया गया है। शिक्षकों की नियुक्ति हाईस्कूलों में दिव्यांगता के अलग-अलग विषय में नियुक्ति पत्र मिला है। कई अभ्यर्थियों की आरक्षण कैटेगरी में भी हेराफेरी की गयी है।
वहीं बीपीएससी टीआरई (BPSC TRE) 3 के अभयर्थियों को दिए गये जॉइनिंग लेटर में उनकी श्रेणी भी बदल दी गई है। पिछड़ा वर्ग को सामान्य कोटि बना दिया गया है। मुजफ्फरपुर समेत सूबे में कई शिक्षक का यह मामला सामने आया है, जहां शिक्षकों से कोटि से लेकर विषय तक बदला हुआ है। 9 मार्च को इन शिक्षकों को नियुक्ति पत्र मिला है, लेकिन अब फेर-बदल के कारण नियुक्ति पत्र को लेकर शिक्षक शिक्षा कार्यालय का चक्कर काट रहे हैं। हालाकि, शिक्षा विभाग को मिली सूचना पर कोई प्रतिक्रिया नहीं आया है।अन्य जिलों में भी इस तरह की गड़बड़ी सामने आई।
BPSC टीचर बनी जूही कुमारी की काउंसिलिंग बीसी कोटि में हिंदी विषय के लिए हुई थी, लेकिन अब वह सामान्य कोटि में दिव्यांगता विषय में आ गई हैं। और भी कई शिक्षकों ने बताया कि काउंसिलिंग तक सब ठीक था। वहीं अन्य शिक्षकों का कहना है कि काउंसिलिंग पत्र में मेरा विषय अंग्रेजी था, लेकिन जब नियुक्ति पत्र मिला तो उसमें दिव्यांगता विषय हो गया। काउंसिलिंग और नियुक्ति पत्र के बारे में अभार्थियों ने कहा कि काउंसिलिंग पत्र के आधार पर ही जब नियुक्ति पत्र मिलता है तो ऐसी गड़बड़ी कैसे हो सकती है। विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जो समस्याएं आ रही हैं उनका सुधार किया जा रहा है।
बिहार में नीतीश सरकार ने लाखों की संख्या में शिक्षकों की भर्ती बीपीएससी परीक्षा के आधार पर कराई है। बिहार लोक सेवा आयोग(बीपीएससी) की ओर से अभी तक तीन चरणों की भर्ती की जा चुकी है। टीआरई 4 की प्रक्रिया की शुरुआत हो चुकी है। स्कूलों में छात्र शिक्षक अनुपात को ठीक करने और शिक्षा में गुणवत्ता लेन के लिए सरकार द्वारा बीपीएससी परीक्षा के आधार पर नियुक्ति कराई जा रही है। अभी केवल तीन चरण में बहाली हुई है।