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06-Oct-2025 12:51 PM
By FIRST BIHAR
Bihar Election 2025: चुनाव आयोग आज शाम 4 बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की तारीखों की घोषणा करेगा। बिहार में इस बार होने वाले विधानसभा चुनाव में कई बड़े नेताओं की साख दांव पर है। यह चुनाव मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ साथ बीजेपी, तेजस्वी यादव और बिहार में सियासी जमीन तलाश पर प्रशांत किशोर की प्रतिष्ठा का चुनाव बन गया है।
दरअसल, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की अगुवाई में इलेक्शन कमिशन की टीम हाल ही में बिहार दौरे पर गई थी, जहां राजनीतिक दलों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक कर चुनावी तैयारियों की समीक्षा की गई। राजनीतिक दलों की ओर से सुझाव दिया गया है कि चुनाव छठ पूजा के बाद कराए जाएं। जेडीयू ने एक ही चरण में मतदान की मांग रखी है, जबकि बीजेपी और आरजेडी ने दो चरणों में चुनाव कराने की सिफारिश की है।
विधानसभा में किसकी कितनी ताकत
243 सदस्यीय बिहार विधानसभा में इस समय राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के पास 131 विधायक हैं। इसमें बीजेपी के 80 विधायक, जेडीयू के 45 विधायक, हम (सेक्युलर) के 4 विधायक और 2 निर्दलीय विधायक भी सरकार का समर्थन कर रहे हैं। वहीं, महागठबंधन के पास कुल 111 विधायक हैं। जिसमे आरजेडी के 77, कांग्रेस के 19, CPI (ML) के 11, CPI और CPM के 2-2 विधायक हैं। 2020 के चुनाव में आरजेडी 75 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनी थी, जबकि बीजेपी को 74 और जेडीयू को 43 सीटें मिली थीं।
नेताओं की साख दांव पर
इस बार के चुनाव में कई बड़े नेताओं के लिए साख का सवाल है। नीतीश कुमार के लिए सबसे बड़ी चुनौती है उनके खिलाफ विरोधियों द्वारा फैलाए गए भ्रम को मात देकर अपनी नेतृत्व क्षमता को साबित करना। बीजेपी को वोट कटवा और चोरी के विपक्षी आरोपों के बीच अपनी ताकत दिखानी है। तेजस्वी यादव को 'जंगलराज' जैसे आरोपों का जवाब देना है। वहीं प्रशांत किशोर के लिए यह पहला पूर्ण विधानसभा चुनाव है, जिसमें वे अपनी रणनीतिक क्षमता साबित करना चाहेंगे।अब सबकी निगाहें चुनाव आयोग की शाम 4 बजे होने वाली प्रेस कॉन्फ्रेंस पर हैं, जहां बिहार चुनाव की तारीखों, चरणों और मतगणना की तारीख का औपचारिक ऐलान किया जाएगा।