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24-Jan-2026 02:00 PM
By First Bihar
NMMS Scholarship 2026 : सरकारी और निजी स्कूलों में कक्षा आठवीं में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर है। शिक्षा विभाग की ओर से राष्ट्रीय आय-सह-मेधा छात्रवृत्ति योजना (NMMS) के तहत छात्रवृत्ति देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस योजना के अंतर्गत चयनित छात्रों को कक्षा नवम से कक्षा बारहवीं तक हर वर्ष 12 हजार रुपये की छात्रवृत्ति दी जाएगी। इसका उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन मेधावी छात्रों को आगे की पढ़ाई के लिए प्रोत्साहित करना है।
इस छात्रवृत्ति के लिए छात्रों का चयन लिखित परीक्षा के आधार पर किया जाएगा। इसके लिए 26 जनवरी से 15 फरवरी तक ऑनलाइन आवेदन लिए जाएंगे। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन होगी और इसके लिए एससीईआरटी (SCERT) की आधिकारिक वेबसाइट पर लिंक जारी किया जाएगा। इच्छुक छात्र निर्धारित तिथि के भीतर आवेदन कर सकते हैं।
छात्रवृत्ति चयन परीक्षा का आयोजन 8 मार्च को किया जाएगा। परीक्षा दो भागों में होगी, जिसमें मानसिक योग्यता परीक्षण (MAT) और शैक्षणिक अभिरुचि परीक्षण (SAT) शामिल रहेगा। दोनों परीक्षाओं में छात्रों को न्यूनतम निर्धारित अंक प्राप्त करना अनिवार्य होगा। परीक्षा का उद्देश्य छात्रों की तार्किक क्षमता, गणितीय समझ और शैक्षणिक ज्ञान का मूल्यांकन करना है।
राष्ट्रीय आय-सह-मेधा छात्रवृत्ति योजना का लाभ केवल उन्हीं छात्रों को मिलेगा, जिनके माता-पिता की वार्षिक आय निर्धारित सीमा के भीतर होगी। इसके साथ ही छात्र का वर्तमान सत्र में कक्षा आठवीं में अध्ययनरत होना अनिवार्य है। सरकारी, सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों के छात्र इस योजना के लिए पात्र होंगे।
शिक्षा विभाग के अनुसार, यह योजना विशेष रूप से उन छात्रों के लिए तैयार की गई है जो आर्थिक तंगी के कारण आगे की पढ़ाई छोड़ने पर मजबूर हो जाते हैं। छात्रवृत्ति की राशि सीधे छात्रों के बैंक खाते में डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से भेजी जाएगी। इससे पारदर्शिता बनी रहेगी और छात्रों को समय पर सहायता मिल सकेगी।
आवेदन के दौरान छात्रों को अपनी शैक्षणिक जानकारी, आय प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र (यदि लागू हो), आधार कार्ड और बैंक खाता विवरण अपलोड करना होगा। आवेदन में किसी भी प्रकार की त्रुटि होने पर आवेदन निरस्त किया जा सकता है, इसलिए छात्रों और अभिभावकों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
शिक्षा विभाग और एससीईआरटी ने स्कूल प्रबंधन से भी अपील की है कि वे छात्रों को इस योजना की जानकारी दें और आवेदन प्रक्रिया में सहयोग करें। कई बार जानकारी के अभाव में योग्य छात्र आवेदन से वंचित रह जाते हैं, जिसे रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है।
छात्रों और अभिभावकों का मानना है कि यह योजना न केवल आर्थिक सहायता प्रदान करेगी, बल्कि पढ़ाई के प्रति बच्चों का आत्मविश्वास भी बढ़ाएगी। हर साल मिलने वाली 12 हजार रुपये की राशि से किताबें, यूनिफॉर्म, कोचिंग और अन्य शैक्षणिक जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलेगी।
कुल मिलाकर, राष्ट्रीय आय-सह-मेधा छात्रवृत्ति योजना कक्षा आठवीं के मेधावी छात्रों के लिए एक सुनहरा अवसर है। सही समय पर आवेदन कर और परीक्षा में अच्छा प्रदर्शन कर छात्र अपने भविष्य की पढ़ाई को आर्थिक सहारे के साथ मजबूत बना सकते हैं।
NMMS Scholarship 2026 : सरकारी और निजी स्कूलों में कक्षा आठवीं में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर है। शिक्षा विभाग की ओर से राष्ट्रीय आय-सह-मेधा छात्रवृत्ति योजना (NMMS) के तहत छात्रवृत्ति देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस योजना के अंतर्गत चयनित छात्रों को कक्षा नवम से कक्षा बारहवीं तक हर वर्ष 12 हजार रुपये की छात्रवृत्ति दी जाएगी। इसका उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन मेधावी छात्रों को आगे की पढ़ाई के लिए प्रोत्साहित करना है।
इस छात्रवृत्ति के लिए छात्रों का चयन लिखित परीक्षा के आधार पर किया जाएगा। इसके लिए 26 जनवरी से 15 फरवरी तक ऑनलाइन आवेदन लिए जाएंगे। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन होगी और इसके लिए एससीईआरटी (SCERT) की आधिकारिक वेबसाइट पर लिंक जारी किया जाएगा। इच्छुक छात्र निर्धारित तिथि के भीतर आवेदन कर सकते हैं।
छात्रवृत्ति चयन परीक्षा का आयोजन 8 मार्च को किया जाएगा। परीक्षा दो भागों में होगी, जिसमें मानसिक योग्यता परीक्षण (MAT) और शैक्षणिक अभिरुचि परीक्षण (SAT) शामिल रहेगा। दोनों परीक्षाओं में छात्रों को न्यूनतम निर्धारित अंक प्राप्त करना अनिवार्य होगा। परीक्षा का उद्देश्य छात्रों की तार्किक क्षमता, गणितीय समझ और शैक्षणिक ज्ञान का मूल्यांकन करना है।
राष्ट्रीय आय-सह-मेधा छात्रवृत्ति योजना का लाभ केवल उन्हीं छात्रों को मिलेगा, जिनके माता-पिता की वार्षिक आय निर्धारित सीमा के भीतर होगी। इसके साथ ही छात्र का वर्तमान सत्र में कक्षा आठवीं में अध्ययनरत होना अनिवार्य है। सरकारी, सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों के छात्र इस योजना के लिए पात्र होंगे।
शिक्षा विभाग के अनुसार, यह योजना विशेष रूप से उन छात्रों के लिए तैयार की गई है जो आर्थिक तंगी के कारण आगे की पढ़ाई छोड़ने पर मजबूर हो जाते हैं। छात्रवृत्ति की राशि सीधे छात्रों के बैंक खाते में डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से भेजी जाएगी। इससे पारदर्शिता बनी रहेगी और छात्रों को समय पर सहायता मिल सकेगी।
आवेदन के दौरान छात्रों को अपनी शैक्षणिक जानकारी, आय प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र (यदि लागू हो), आधार कार्ड और बैंक खाता विवरण अपलोड करना होगा। आवेदन में किसी भी प्रकार की त्रुटि होने पर आवेदन निरस्त किया जा सकता है, इसलिए छात्रों और अभिभावकों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
शिक्षा विभाग और एससीईआरटी ने स्कूल प्रबंधन से भी अपील की है कि वे छात्रों को इस योजना की जानकारी दें और आवेदन प्रक्रिया में सहयोग करें। कई बार जानकारी के अभाव में योग्य छात्र आवेदन से वंचित रह जाते हैं, जिसे रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है।
छात्रों और अभिभावकों का मानना है कि यह योजना न केवल आर्थिक सहायता प्रदान करेगी, बल्कि पढ़ाई के प्रति बच्चों का आत्मविश्वास भी बढ़ाएगी। हर साल मिलने वाली 12 हजार रुपये की राशि से किताबें, यूनिफॉर्म, कोचिंग और अन्य शैक्षणिक जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलेगी।
कुल मिलाकर, राष्ट्रीय आय-सह-मेधा छात्रवृत्ति योजना कक्षा आठवीं के मेधावी छात्रों के लिए एक सुनहरा अवसर है। सही समय पर आवेदन कर और परीक्षा में अच्छा प्रदर्शन कर छात्र अपने भविष्य की पढ़ाई को आर्थिक सहारे के साथ मजबूत बना सकते हैं।