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03-Feb-2026 10:44 AM
By First Bihar
Bihar Budget Session : बिहार विधानसभा के बजट सत्र के दूसरे दिन की कार्यवाही में भाग लेने के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार मंगलवार को विधानसभा पहुंचे। सदन परिसर में प्रवेश करते ही मुख्यमंत्री ने मीडिया से संक्षिप्त बातचीत में कहा, “सबको नमन है।” मुख्यमंत्री के इस बयान को शिष्टाचार और लोकतांत्रिक परंपरा के प्रतीक के रूप में देखा जा रहा है। बजट सत्र के दूसरे दिन का सबसे अहम एजेंडा राज्य का आम बजट पेश किया जाना है, जिसे लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष—दोनों की नजरें टिकी हुई हैं।
बजट पेश होने से पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार लोक भवन पहुंचे, जहां उन्होंने राज्यपाल और मंत्रिपरिषद के सदस्यों के साथ नाश्ता किया। इसके बाद वे विधानसभा के लिए रवाना हुए। इस दौरान मुख्यमंत्री के साथ उपमुख्यमंत्री और कैबिनेट में शामिल कई वरिष्ठ मंत्री भी मौजूद रहे। सदन परिसर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे, क्योंकि बजट सत्र के दौरान हंगामे की आशंका हमेशा बनी रहती है।
वित्त मंत्री द्वारा पेश किए जाने वाले इस बजट को विकासोन्मुखी और समावेशी बताया जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, बजट में शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, सिंचाई, ग्रामीण विकास और रोजगार सृजन पर विशेष जोर दिया जा सकता है। खासकर युवाओं और महिलाओं के लिए नई योजनाओं की घोषणा की संभावना जताई जा रही है। इसके अलावा किसानों के लिए राहत पैकेज, सिंचाई परियोजनाओं के विस्तार और फसल बीमा से जुड़े प्रावधानों पर भी नजर रहेगी।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में सरकार का यह बजट आगामी वित्तीय वर्ष की प्राथमिकताओं को तय करेगा। पिछले कुछ वर्षों में सरकार ने बुनियादी ढांचे के विकास, कानून-व्यवस्था में सुधार और सामाजिक न्याय के मुद्दों को प्रमुखता दी है। माना जा रहा है कि इस बार भी इन्हीं क्षेत्रों में खर्च बढ़ाया जा सकता है। साथ ही, शहरी विकास और स्मार्ट सिटी परियोजनाओं के लिए अतिरिक्त आवंटन की उम्मीद की जा रही है।
विपक्षी दलों ने बजट को लेकर सरकार पर पहले ही सवाल खड़े कर दिए हैं। विपक्ष का कहना है कि सरकार को महंगाई, बेरोजगारी और पलायन जैसे मुद्दों पर ठोस कदम उठाने होंगे। वहीं, सत्तारूढ़ गठबंधन का दावा है कि यह बजट राज्य की अर्थव्यवस्था को नई गति देगा और आम जनता को सीधा लाभ पहुंचाएगा।