KATIHAR: बिहार के कटिहार जिले में दिल को दहला देने वाली घटना सामने आई है। जहां खेत की सिंचाई करने के दौरान करंट लगने से दो सगी बहनों की मौके पर ही मौत हो गयी। जबकि चार अन्य लोग झुलस गये। घटना कदवा प्रखंड अंतर्गत धनगामा पंचायत के बिंदाबाड़ी आदिवासी टोला की है। जहां इलाके में हड़कंप मचा हुआ है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। 


खेत में सिंचाई के दौरान करंट से मौत

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि रविवार की दोपहर बिंदाबाड़ी गांव की कुछ महिलाएं खेत में पटवन का काम कर रही थीं। उसी दौरान गांव की दो बच्चियां हंजी किस्कू (18) और जज्जी किस्कू (16) मोटर पंप से पानी पीने गईं। अचानक मोटर में े करंट फैल गया और दोनों बहनें उसकी चपेट में आ गईं।


लड़कियों को बचाने गये चार अन्य लोग भी झुलसे

इस घटना की जानकारी मिलते ही कुछ लोग उन्हें बचाने के लिए दौड़े। लेकिन इस प्रयास में फूल मुर्मू (17), मणिका देवी (35), शिवानंद शाह (50) और जोबरा शाह (50) भी करंट की चपेट में आकर बुरी तरह झुलस गए। सभी घायलों को पास के कदवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है।


बिजली विभाग को ठहराया जिम्मेदार

इस घटना के बाद स्थानीय जनप्रतिनिधि मो. अंजार आलम ने बिजली विभाग की गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जांच और उचित कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि खेतों में उपयोग हो रहे बिजली कनेक्शनों की नियमित निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था की अनदेखी इस तरह के हादसों को जन्म देती है।


घटना की जानकारी मिलते ही कदवा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों मृत बहनों के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और पूरे घटनाक्रम की विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जा रही है। घटना के बाद पूरे गांव में मातम का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि अगर बिजली विभाग समय रहते करंट प्रवाह और उपकरणों की जांच करता, तो यह दर्दनाक हादसा टाला जा सकता था। ग्रामीणों ने पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।