दिल्ली में शाहनवाज हुसैन के आवास पर ईद मिलन समारोह, नितिन नबीन-चिराग पासवान सहित कई बड़े नेता रहे मौजूद मुजफ्फरपुर में ईद पर विरोध प्रदर्शन, शिया समुदाय ने काली पट्टी बांधकर अमेरिका-इजराइल के खिलाफ जताया विरोध बंगाल चुनाव से पहले ममता बनर्जी का बड़ा दांव, बिहार दिवस पर बिहारी वोटर्स को लुभाने की कोशिश मधुबनी में 38 लाख की कर चोरी, वाणिज्यकर विभाग की रेड में खुलासा, 15 लाख रुपये तत्काल डिपोजिट Bihar Diwas:पटना के गांधी मैदान में बिहार दिवस कार्यक्रम का आयोजन कल, डीएम ने तैयारियों का लिया जायजा बिहार में आंधी-बारिश का कहर, 6 की मौत, 10 लोग घायल, ओलावृष्टि से फसलें भी बर्बाद बिहार में लू से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, अस्पतालों में डेडिकेटेड वार्ड की व्यवस्था करने के निर्देश बिहार में लू से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, अस्पतालों में डेडिकेटेड वार्ड की व्यवस्था करने के निर्देश समस्तीपुर में हेरोइन तस्कर गिरोह का पर्दाफाश, महिला समेत दो गिरफ्तार बिहार में गाड़ियों की फिटनेस टेस्ट पर सख्ती, ATS केंद्रों पर कैमरे की निगरानी में होगी जांच
02-Oct-2025 03:48 PM
By FIRST BIHAR
Bihar News: विजयादशमी के जश्न के बीच बिहार के कटिहार में बड़ा हादसा हुआ है। कुरसेला प्रखंड अंतर्गत पत्थर टोला गांव के पास गुरुवार दोपहर एक बड़ी नाव दुर्घटना हो गई। दक्षिणी मुरादपुर पंचायत के खेरिया गांव से पांच किसान कोसी नदी पार कर दियारा क्षेत्र में खेती के लिए जा रहे थे, तभी तेज धार और हवा के कारण उनकी छोटी नाव असंतुलित होकर नदी में डूब गई।
इस हादसे में तीन किसानों ने तैरकर अपनी जान बचा ली, जबकि दो किसान तेज बहाव में लापता हो गए। नदी से सुरक्षित निकाले गए तीनों किसानों को स्थानीय पीएचसी में भर्ती कराया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें खतरे से बाहर बताया है। घटना के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर जमा हो गए। सूचना मिलते ही राजस्व कर्मचारी आकाश कुमार मिश्रा मौके पर पहुंचे और स्थानीय गोताखोरों की मदद से राहत व बचाव कार्य शुरू कराया।
लापता दोनों किसानों की तलाश अब भी जारी है। पत्थर टोला, खेरिया और मजदिया के पास गोताखोरों द्वारा कोसी नदी में सघन खोजबीन की जा रही है। इधर, गांव में हादसे की खबर फैलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया है। देर शाम तक कोई सुराग न मिलने से परिवारों की उम्मीदें टूटने लगी हैं।
जानकारी के अनुसार, पांचों किसान खेती कार्य के लिए नदी पार कर रहे थे। सभी एक छोटी नाव पर सवार थे, लेकिन तेज हवा और पानी के करंट के चलते नाव का संतुलन बिगड़ गया और देखते ही देखते नाव डूब गई। तीन किसान किसी तरह तैरकर बाहर निकलने में सफल रहे, जबकि दो अब भी लापता हैं।