युवक को फिल्मी स्टाइल में अगवा कर शहरभर में घुमाते रहे किडनैपर, पुलिस ने इस तरह करवाया मुक्त; जानिए क्या है पूरा मामला

युवक को फिल्मी स्टाइल में अगवा कर शहरभर में घुमाते रहे किडनैपर, पुलिस ने इस तरह करवाया मुक्त; जानिए क्या है पूरा मामला

JAMUI : बिहार के जमुई से एक सनसनीखेज मामला निकल कर सामने आया है। यहां कुछ युवकों ने फिल्मी स्टाइल में किडनैपिंग की एक घटना को अंजाम दिया। अपराधियों ने नगर थाना क्षेत्र में किराना की दुकान चलाने वाले एक युवक को किडनैप कर लिया और उसे पूरे शहर में घूमाते रहे। जिसके बाद जैसे ही इस किडनैपिंग की सूचना पुलिस टीम को मिली तो त्वरित कार्रवाई करते हुए किडनैप किये गये युवक को कुछ ही घंटे में बरामद कर लिया। साथ ही, सभी अपहरणकर्ता को भी गिरफ्तार कर लिया। 


दरअसल, नगर थाना क्षेत्र के सिरचंद नवादा से शंभू पंडित के 22 साल के बेटे रविंद्र कुमार को कुछ अज्ञात लोगों ने मंगलवार की सुबह अगवा कर लिया।जिसके बाद इस घटना को लेकर अपहृत रविंद्र की मां परमेश्वरी देवी ने पुलिस को सूचना दी। परमेश्वरी ने बताया कि सुबह 5:00 बजे अपराधियों ने फोन कर उसके बेटे रविंद्र को बुलाया और उसे उठाकर ले चले गए। जिसके बाद इस मामले में पुलिस ने अपहृत युवक को बरामद कर पांच बदमाशों को गिरफ्तार किया है। साथ ही एक कार को भी जब्त किया गया है


इस घटना  बरामद अपहृत युवक की पहचान शहर के सिरचंद नवादा मोहल्ला निवासी शंभु पंडित के पुत्र रविन्द्र कुमार के रूप में हुई है। जबकि गिरफ्तार बदमाशों की पहचान शहर के महिसौड़ी मोहल्ला निवासी राजीव कुमार सिंह के पुत्र अभिनव राज, अलख निरंजन सिंह के पुत्र प्रिंस कुमार,भजौर गांव निवासी सुभाष कुमार सिंह के पुत्र निशांत कुमार सिंह,डब्बू सिंह के पुत्र मनीष कुमार सिंह और गादी बुकार गांव निवासी राजकिशोर सिंह के पुत्र राजकमल सिंह के रूप में हुई है।


बताया जा रहा है कि रविन्द्र कुमार का किराना दुकान है। जहां मनीष कुमार सिंह हमेशा दूकान से सामान खरीदने आता था। इस दौरान दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई। इसी दौरान मनीष कुमार के द्वारा इंडियन आयल कारपोरेशन कंपनी में काम लगाने की बात कही गई थी। इसके एवज में ढाई लाख रुपया देने की बात हुई थी। जिसके बाद मनीष कुमार को रविन्द्र कुमार ने 10 दिन पूर्व 1,80,000 रुपया वह दे चुका था और नौकरी के लिए उसे बेगूसराय स्थित राजकमल सिंह के किराए के मकान में लेकर गया था। कुछ दिन वहां रहा लेकिन नौकरी नहीं लगाया गया। उसके बाद वह लौटकर जमुई आ गया फिर मनीष कुमार के द्वारा और पैसा देने का दबाव बनाया जाने लगा। इस दौरान चारों युवक एक कार लेकर आया और मिलने की बहाना से रविंद्र कुमार को बुलाकर कार में बैठा लिया। फिर उसे भजौर लेकर गया, जहां उसके साथ मारपीट भी की गई फिर कार से ही उसे इधर से उधर घुमाने लगा और शेष बचे राशि को देने का दबाव बनाया जाने लगा। 


युवक बाद में पैसा देने की बात कही तो उसके साथ मारपीट भी की गई। काफी देर तक रविंद्र कुमार घर नहीं लौटा तो उनके पिता के द्वारा इसकी सूचना टाउन थानाध्यक्ष राजीव कुमार तिवारी को दी गई, फिर राजीव कुमार तिवारी के द्वारा शहर के चारों ओर नाकाबंदी की गई और छापेमारी शुरू कर दी गई। इस दौरान घटना के आठ घंटे के अंदर शहर के गिरीश टाकीज के पास से लाल रंग के कार को जब्त किया गया। जिस पर से अपहृत युवक को बरामद कर 5 बदमाशो को दबोचा गया। फिलहाल पांचों बदमाशों से पुलिस पूछताछ कर रही है।