ब्रेकिंग
Aadhaar यूजर्स के लिए बड़ा बदलाव: mAadhaar ऐप बंद, UIDAI ने लॉन्च किया नया Aadhaar App; जानें.. नए फीचर्सबिहार के यात्रियों के लिए एडवाइजरी जारी, इस एयरपोर्ट से चार महीने तक सप्ताह में दो दिन नहीं उड़ेंगे विमानदर्दनाक सड़क हादसे में दो लोगों की मौत, आक्रोशित लोगों ने किया भारी बवाल; पुलिस पर पथराव और तोड़फोड़Bihar Education News: डेपूटेशन खत्म करने से पाप धूल जाएंगे ? 32 महीने में 27 लाख की सैलरी जबकि बैंक खातों से 2.51 करोड़ का लेन-देन, DPO का खेल उजागर होने के बाद प्रतिनियुक्ति खत्म भरत तिवारी एनकाउंटर केस: सुप्रीम कोर्ट ने CBI जांच की मांग पर सुनवाई से किया इनकार, याचिकाकर्ता को दिया यह सुझावAadhaar यूजर्स के लिए बड़ा बदलाव: mAadhaar ऐप बंद, UIDAI ने लॉन्च किया नया Aadhaar App; जानें.. नए फीचर्सबिहार के यात्रियों के लिए एडवाइजरी जारी, इस एयरपोर्ट से चार महीने तक सप्ताह में दो दिन नहीं उड़ेंगे विमानदर्दनाक सड़क हादसे में दो लोगों की मौत, आक्रोशित लोगों ने किया भारी बवाल; पुलिस पर पथराव और तोड़फोड़Bihar Education News: डेपूटेशन खत्म करने से पाप धूल जाएंगे ? 32 महीने में 27 लाख की सैलरी जबकि बैंक खातों से 2.51 करोड़ का लेन-देन, DPO का खेल उजागर होने के बाद प्रतिनियुक्ति खत्म भरत तिवारी एनकाउंटर केस: सुप्रीम कोर्ट ने CBI जांच की मांग पर सुनवाई से किया इनकार, याचिकाकर्ता को दिया यह सुझाव

बहू के कैरेक्टर पर DGP करते थे शक, तलाक दिलाने के लिए नियम को ताक पर रख निकाला CDR

RANCHI: झारखंड के पूर्व डीजीपी डीके पांडेय पर बहू रेखा पांडेय ने बहुत ही गंभीर आरोप लगाया है. इसके साथ ही दहेज प्रताड़ना का केस भी दर्ज कराया है. इस मामले की पुलिस जांच कर रह

FirstBihar
Manish Kumar
4 मिनट

RANCHI:  झारखंड के पूर्व डीजीपी डीके पांडेय पर बहू रेखा पांडेय ने बहुत ही गंभीर आरोप लगाया है. इसके साथ ही दहेज प्रताड़ना का केस भी दर्ज कराया है. इस मामले की पुलिस जांच कर रही है. एक और खुलासा हुआ है कि उन्होंने अपने निजी मामलों को लेकर पद का दुरुपयोग किया. 


बहू के कैरेक्टर पर DGP करते थे शक, तलाक दिलाने के लिए नियम को ताक पर रख निकाला CDR


बहू पर करते थे शक

डीजीपी रहने के दौरान डीके पांडेय अपनी बहू के कैरेक्टर पर शक करते थे. उनको लगता था कि बहू का किसी और के साथ अफेयर चल रहा है. जिसको लेकर उन्होंने नियम के खिलाफ जाकर अपनी बहू के मोबाइल नंबर का सीडीआर निकलवाया है.  सीडीआर निकालने के लिए पहले मुख्यालय से अनुमति लेनी पड़ती है, लेकिन डीके पांडेय ने बहू को तलाक दिलाने के लिए नियमों की धज्जियां उड़ाई दी. यह बहू को गलत साबित करने के लिए किया. 


बहू के कैरेक्टर पर DGP करते थे शक, तलाक दिलाने के लिए नियम को ताक पर रख निकाला CDR


जमशेदपुर पुलिस ने निकाला 5 नंबरों का सीडीआर

खुलासा हुआ है कि डीके पांडेय ने जमशेदपुर पुलिस के टेक्निकल सेल से 5 मोबाइल नंबरों के सीडीआर निकालवाया. इसमें  नंबर उनकी बहू रेखा और तीन नंबर पीयूष के थे. पीयूष और रेखा के बीच में 6154 बार फोन पर संपर्क हुआ. इनमें 326 फोन कॉल लेट नाइट की गई. जो रात के 11 बजे लेकर सुबह चार बजे सुबह तक हुई. सबसे अधिक अवधि की फोन कॉल्स 90 मिनट की दिखाई गई. डीके पांडेय ने बहू तलाक को लेकर सबूत के तौर पर पेश किया है. 


बहू के कैरेक्टर पर DGP करते थे शक, तलाक दिलाने के लिए नियम को ताक पर रख निकाला CDR


ससुर बनाना चाहते थे अवैध संबंध

झारखंड के पूर्व डीजीपी डीके पांडेय पर बहू ने गंभीर आरोप लगाया था. बहू ने आरोप लगाया है कि वह उसके साथ अवैध संबंध बनाना चाहते थे.जबकि मेरे पति समलैगिक है.  बहू रेखा मिश्रा ने ससुर डीके पांडेय, सास पूनम पांडेय और पति शुभांकर के खिलाफ केस दर्ज कराया है. कहा कि शादी के बाद से उससे प्रताड़ित भी किया जा रहा है.


बहू के कैरेक्टर पर DGP करते थे शक, तलाक दिलाने के लिए नियम को ताक पर रख निकाला CDR


तीन साल पहले हुई थी शादी

बहू रेखा मिश्रा ने महिला थाना में एफआईआर में आरोप लगाया है कि पति के समलैंगिक होने के चलते ससुर ने दूसरों से संबंध बनाने का दवाब देते थे. इसके साथ ही वह खुद भी संबंध बनाना चाहा. रेखा ने आरोप लगाया है कि एक समारोह के दौरान जब मैं अकेली थी तो ससुर डीके पांडेय ने अपने साथ शारीरिक संबंध बनाने के लिए बोलन लगे. लेकिन मैं उसको लेकर तैयार नहीं हुई. इस बात की जानकारी परिवार में किसी भी सदस्य को नहीं है. ससुर की इस हरकत से मुझे बहुत परेशानी और मैं जिंदगी से इस कदर परेशान हो चुकी थी कि आत्महत्या करने तक की सोचने लगी थी. बहू ने आरोप लगाया है कि उसकी तीन साल पहले शादी हुई थी. लेकिन शादी के बाद से सास, ससुर और पति दहेज की मांग को लेकर ताना देने लगे. धमकी देने लगे. जिससे परेशान होकर वह मायके आ गई. बहू रेखा मिश्रा भाजपा नेता गणेश मिश्रा की बेटी हैं और अपना एनजीओ चलाती हैं.


डीजीपी की भूमिका रही है संदिग्ध

डीके पांडेय लंबे समय तक झारखंड के डीजीपी रह चुके हैं. वह बकोरिया गोली कांड में उनकी भूमिका संदिग्ध रही है. इस कांड में नक्सली बताकर 12 निर्दोष लोगों को जवानों ने मार गिराया था. इसकी सीबीआई जांच चल रही है.  इसके अलावे वह रांची के कांके रोड में गैर मजरूवा जमीन पर घर बनाने को लेकर भी चर्चा में रह चुके हैं. 2019 लोकसभा चुनाव के दौरान डीके पांडेय बीजेपी में शामिल हो गए.

टैग्स