Bihar Crime News: पशु चोरी को लेकर हुई हिंसा में एक की मौत, पुलिस पर पथराव के बाद स्थिति तनावपूर्ण Bihar Weather: भीषण गर्मी से 3 दिन परेशान रहेंगे बिहारवासी, इन जिलों के लोगों के लिए मौसम विभाग की विशेष चेतावनी BIHAR: स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की दिशा में बड़ा कदम, अरवल में स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने 30 बेड वाले CHC का किया उद्घाटन BIHAR: समस्तीपुर सदर अस्पताल के गेट पर बेहोश युवती को छोड़ दो युवक फरार, इलाज के दौरान मौत SAMASTIPUR: बिहार में अपराधी बेलगाम, कोल्ड ड्रिंक और सिगरेट मांगने के बाद दुकानदार को मारी गोली BIHAR: दिन में साधु रात में डाकू, कुख्यात दरभंगी सहनी गिरफ्तार Bihar News: सीएम नीतीश कुमार कल देंगे बड़ी सौगात, 6,938 पथों के निर्माण का करेंगे कार्यारंभ Bihar News: सीएम नीतीश कुमार कल देंगे बड़ी सौगात, 6,938 पथों के निर्माण का करेंगे कार्यारंभ CBSE 10th, 12th Result 2025 : कल जारी हो सकता है CBSE 10वीं और 12वीं का रिजल्ट! 42 लाख से अधिक छात्रों का इंतजार होगा खत्म CBSE 10th, 12th Result 2025 : कल जारी हो सकता है CBSE 10वीं और 12वीं का रिजल्ट! 42 लाख से अधिक छात्रों का इंतजार होगा खत्म
1st Bihar Published by: Updated Wed, 16 Dec 2020 04:40:11 PM IST
- फ़ोटो
PATNA: कोरोना पीडित मरीजों के इलाज के लिए पटना के बिहटा में बना खास अस्पताल बंद होने जा रहा है. पीएम केयर्स के पैसे से 500 बेड का ये आधुनिक अस्पताल बनाया गया था. अब कहा ये जा रहा है कि अस्पताल में मरीज ही नहीं पहुंच रहे. लिहाजा इसे बंद करने का फैसला ले लिया गया है.
चार महीने पहले बिहार में कोरोना के मामलों में भारी उछाल आने के बाद रक्षा मंत्रालय के डिफेंस रिसर्च एंड डेवेलपमेंट आर्गेनाइजेशन ने बिहार के दो जिलों में कोविड अस्पताल बनाया था. एक पटना के बिहटा में खुला था को दूसरा मुजफ्फरपुर में. लेकिन बिहटा में बने अस्पताल में मरीज ही नहीं पहुंचे. फिलहाल इस अस्पताल में 10 मरीज भर्ती हैं. अस्पताल संचालकों ने उन मरीजों को दूसरी जगह शिफ्ट करके कोविड अस्पताल को बंद करने का फैसला लिया है. रक्षा मंत्रालय ने ये निर्देश दे दिया है.
अस्पताल संचालकों के मुताबिक यहां 500 बेड थे. इनमें से वेंटिलेटर के साथ आईसीयू के 125 बेड रखे गये थे, वहीं 375 जेनरल वार्ड के बेड थे. इस पूरी व्यवस्था के रखरखाव में भारी भरकम खर्च आ रहा है. बेड के हिसाब से ही डॉक्टर, नर्स से लेकर दूसरे संसाधन रखे गये थे. लेकिन अस्पताल बनने के बाद से ही यहां बेहद कम मरीज आये. उन मरीजों को पटना के दूसरे सरकारी अस्पतालों में इलाज किया जा सकता है. लिहाजा इसे बंद करने का फैसला लिया गया है.
हम आपको बता दें कि केंद्र सरकार ने सबसे पहले दिल्ली में कोरोना संक्रमण के इलाज के लिए सरदार वल्लभभाई पटेल मेकशिफ्ट यानि अस्थायी अस्पताल बनाया था. 1000 बेड के इस अस्पताल से दिल्ली के मरीजों को काफी फायदा हुआ था. इसी बीच जब बिहार में कोरोना के मरीज बढ़े तो दिल्ली की तर्ज पर ही 500-500 बेड के दो अस्पताल बनाने का फैसला लिया गया था.