1st Bihar Published by: Updated Wed, 11 Aug 2021 08:06:10 AM IST
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PATNA : वित्त रहित हाई स्कूलों और कॉलेजों के शिक्षकों और कर्मियों को अब सरकार नई व्यवस्था के तहत अनुदान देगी. सरकार ने सिस्टम को पारदर्शी बनाने के लिए बड़ा फैसला किया है. सरकार अब वित्त रहित शिक्षकों और कर्मियों को अनुदान की राशि उनके खाते में सीधे डीवीटी के माध्यम से देगी शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा है कि जल्द ही इस व्यवस्था को लागू कर दिया जाएगा.
शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा है कि अनुदान देने की व्यवस्था में पारदर्शिता लाने के लिए सरकार एक सॉफ्टवेयर तैयार करवा रही है. वित्त रहित स्कूलों और कॉलेजों में जब तक पिछली अनुदान की राशि का उपयोगिता प्रमाण पत्र नहीं मिल जाएगा. तब तक अगली राशि जारी नहीं की जाएगी. शिक्षा मंत्री ने कहा है कि इस व्यवस्था से ना केवल कर्मियों और शिक्षकों को राहत मिलेगी. बल्कि सरकार के पास भी दिए जाने वाले अनुदान का हिसाब किताब होगा.
आपको बताते हैं कि शिक्षा विभाग की तरफ से विश्वविद्यालयों के माध्यम से मैट्रिक के इंटरमीडिएट रिजल्ट के आधार पर वित्त रहित स्कूलों को अनुदान दिया जाता है. ग्रेजुएशन में फर्स्ट डिवीजन से पास होने वाले हर छात्र और छात्रा पर सरकार 8500 का अनुदान देती है. साथ ही साथ सेकंड डिवीजन के लिए 8000 और थर्ड डिवीजन के लिए 7500 की दर से अनुदान दी जाती है. इसके अलावा सरकार ने एक और महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए अब सेवाकाल के दौरान मरने वाले नियोजित शिक्षकों और पुस्तकालय अध्यक्षों की सूची तैयार करने का फैसला किया है इस संबंध में शिक्षा विभाग के प्राथमिक शिक्षा निदेशक ने सभी जिलों के दिए और डीपीओ को पत्र भेजा है.