बिहार में जल्द स्वच्छ होगी गंगा, डिप्टी सीएम ने नमामि गंगे के परियोजनाओं को तेजी से पूरा करने का दिया आदेश

बिहार में जल्द स्वच्छ होगी गंगा, डिप्टी सीएम ने नमामि गंगे के परियोजनाओं को तेजी से पूरा करने का दिया आदेश

PATNA :  बिहार में गंगा नदी को साफ़ और स्वच्छ बनाने के लिए राज्य सरकार इस ओर तेजी से कदम बढ़ा रही है. मंगलवार को बिहार के उप मुख्यमंत्री तारकिशोर प्रसाद ने नमामि गंगे परियोजना के अंतर्गत बिहार में क्रियान्वित सभी 30 परियोजना की समीक्षा की. नमामि गंगे परियोजना के कार्यपालक निदेशक एवं बुडको के प्रबंध निदेशक के साथ बैठक करते हुए उप मुख्यमंत्री तारकिशोर प्रसाद ने कहा कि नमामि गंगे के अंतर्गत क्रियान्वित सभी परियोजनाओं को जल्द पूरा किया जायेगा. 


उन्होंने कहा कि नमामि गंगे प्रोजेक्ट के तहत कटिहार जिला के मनिहारी गंगा घाट पर विद्युत शवदाह गृह, साफ-सफाई और अन्य नागरिक सुविधाओं से संबंधित आवश्यक कार्य यथा: पहुंच पथ , पार्क आदि की व्यवस्था सुनिश्चित कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए. ताकि स्थानीय लोगों की जन आकांक्षाओं के साथ-साथ मनिहारी गंगा घाट पर्यटन स्थल के रूप में विकसित हो सके तथा सैलानियों के आकर्षण का केंद्र बन सके. उन्होंने नमामि गंगे परियोजना के अंतर्गत गंगा की स्वच्छता एवं सफाई के साथ-साथ गंगा घाटों के पास आवश्यक नागरिक सुविधाओं  को विकसित करने हेतु डीपीआर तैयार कर समुचित कार्रवाई की आवश्यकता बतायी. 


बैठक में उपस्थित भारत सरकार के नमामि गंगे परियोजना के कार्यपालक निदेशक अशोक कुमार सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि नमामि गंगे के अंतर्गत बिहार की 30 परियोजनाओं में से करमलीचक और बेउर सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) परियोजना पूर्ण कर ली गई है. शेष परियोजनाओं के कार्य चल रहे हैं. परियोजनाओं में बिहार सरकार के विभिन्न विभागों जैसे पथ निर्माण, उच्च पथ प्रमंडल, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण, भू-स्वामित्व संबंधित मामलों के निष्पादन हेतु अंतर विभागीय  समन्वय की आवश्यकता है. 


उन्होंने कहा कि भारत सरकार के अवसर पर रेलवे, पेट्रोलियम अथवा अन्य भू-स्वामित्व हस्तांतरण वाले मामलों का निष्पादन भारत सरकार कर रही है. उन्होंने बैठक में सुझाव देते हुए कहा कि विश्व बैंक द्वारा स्वीकृत परियोजनाओं के क्रियान्वयन में प्रक्रियात्मक विलंब होने से असहज स्थिति उत्पन्न होती है. इसमें सुगमता के दृष्टिकोण से बिहार सरकार के स्तर पर स्वीकृति की प्रक्रिया में कतिपय बदलाव की आवश्यकता है, जिससे फास्टट्रैक डेवलपमेंट को गति मिल सके. 


आपको बता दें कि बिहार में नमामि गंगे के अंतर्गत बिहार में 30 परियोजनाओं पर काम चल रहा है, जिसमें 28 परियोजनाएं गंगा नदी पर हैं और 2 परियोजनाएं अन्य नदियों पर हैं. क्रियान्वित परियोजनाओं में से करमलीचक और बेउर सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट का कार्य पूर्ण कर लिया गया है.