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Contempt of Court: बिना गाउन और खुले बटन के कोर्ट पहुचें वकील ,जज ने सीधा भेजा जेल!

Contempt of Court: इलाहाबाद हाई कोर्ट में पेश हुए एक वकील ने सभी सीमाएं लांघ दीं, ना गाउन पहना, ना शर्ट के बटन बंद किए। जब जजों ने टोका तो जवाब में अनुचित भाषा का प्रयोग दिया। कोर्ट ने इस गंभीर अवमानना पर सख्त एक्शन लेते हुए वकील को जेल भेज दिया।

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प्रतीकात्मक तस्वीर
© Google
Nitish Kumar
Nitish Kumar
2 मिनट

Contempt of Court: इलाहाबाद हाई कोर्ट की लखनऊ पीठ ने एक वकील को अदालत की गरिमा भंग करने के मामले में सख्त सजा सुनाई है। वकील अशोक पांडे, जो बिना गाउन और खुले बटन वाली कमीज पहनकर अदालत में पेश हुए थे, उन्हें अदालत की अवमानना का दोषी पाते हुए छह महीने की कैद और 2,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई है। अगर वह समय पर जुर्माना नहीं भरते हैं, तो उन्हें अतिरिक्त एक महीने की जेल काटनी होगी।


चार सप्ताह में करना होगा आत्मसमर्पण

कोर्ट ने वकील अशोक पांडे को लखनऊ के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष आत्मसमर्पण करने के लिए चार सप्ताह का समय दिया है। यह सजा न्यायमूर्ति विवेक चौधरी और न्यायमूर्ति बी आर सिंह की खंडपीठ द्वारा 2021 में दायर एक आपराधिक अवमानना याचिका पर सुनाई गई। मामला उस समय सामने आया था जब पांडे 18 अगस्त 2021 को अनुचित पोशाक में अदालत पहुंचे और न्यायाधीशों से अनुचित भाषा में बात की।

कारण बताओ’ नोटिस भी जारी

कोर्ट ने उन्हें एक कारण बताओ नोटिस भी जारी किया है, जिसमें पूछा गया है कि उन्हें इलाहाबाद हाई कोर्ट और इसकी लखनऊ पीठ में वकालत करने से क्यों न रोका जाए। उन्हें इसका जवाब एक मई तक देना है। यह कार्यवाही अदालत द्वारा स्वतः संज्ञान लेते हुए शुरू की गई थी।

पहले भी हो चुके हैं विवादों में शामिल

कोर्ट ने यह भी बताया कि पांडे पूर्व में भी अनुशासनहीनता के मामलों में शामिल रह चुके हैं। 2017 में उन्हें हाई कोर्ट परिसर में प्रवेश से दो साल के लिए प्रतिबंधित किया गया था। इसके बावजूद उन्होंने इस बार भी न तो अदालत की चेतावनी का पालन किया और न ही अवमानना के आरोपों का कोई उत्तर दिया।



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