ब्रेकिंग
सरकार के पास फ्रैक्चर पर प्लास्टर लगाने तक के पैसे नहीं बचे? सरकारी अस्पताल में टूटे पैर पर कार्टन बांधने पर भड़के तेजस्वीबिहार के सरकारी अस्पताल में बड़ी लापरवाही: टूटे पैर पर प्लास्टर की जगह बांध दिया कार्टन, स्वास्थ्य व्यवस्था पर फिर उठे सवालबिहार विधान परिषद चुनाव 2026: RJD ने 6 कैंडिडेट का किया ऐलान, शिक्षक-स्नातक सीटों पर उतारे उम्मीदवारBihar News: धनकुबेर अधीक्षण अभियंता के ठिकानों से क्या मिला ? पत्नी-माता-बहन-बहनोई के नाम पर पटना से लेकर मुंबई तक प्रॉपर्टी...ग्राहक बनकर आभूषण दुकान में पहुंचे महिला-पुरुष और बच्चा... बातों में दुकानदार को उलझाया, पलक झपकते ही कर दिया कांडसरकार के पास फ्रैक्चर पर प्लास्टर लगाने तक के पैसे नहीं बचे? सरकारी अस्पताल में टूटे पैर पर कार्टन बांधने पर भड़के तेजस्वीबिहार के सरकारी अस्पताल में बड़ी लापरवाही: टूटे पैर पर प्लास्टर की जगह बांध दिया कार्टन, स्वास्थ्य व्यवस्था पर फिर उठे सवालबिहार विधान परिषद चुनाव 2026: RJD ने 6 कैंडिडेट का किया ऐलान, शिक्षक-स्नातक सीटों पर उतारे उम्मीदवारBihar News: धनकुबेर अधीक्षण अभियंता के ठिकानों से क्या मिला ? पत्नी-माता-बहन-बहनोई के नाम पर पटना से लेकर मुंबई तक प्रॉपर्टी...ग्राहक बनकर आभूषण दुकान में पहुंचे महिला-पुरुष और बच्चा... बातों में दुकानदार को उलझाया, पलक झपकते ही कर दिया कांड

Bihar Election 2025: AI कंटेंट को लेकर चुनाव आयोग सख्त, सभी राजनीतिक दलों को चेताया, चुनाव प्रचार के लिए जारी की गाइडलाइन

Bihar Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 से पहले निर्वाचन आयोग ने राजनीतिक दलों को डीपफेक और एआई-जनित प्रचार सामग्री के दुरुपयोग पर चेतावनी दी है। सोशल मीडिया पर सख्त निगरानी रखी जा रही है।

Bihar Election 2025
© Google
Mukesh Srivastava
3 मिनट

Bihar Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण की अधिसूचना से ठीक पहले, निर्वाचन आयोग ने सभी राजनीतिक दलों को चेतावनी दी है कि वे चुनाव प्रचार में एआई और डीपफेक तकनीक का दुरुपयोग न करें। आयोग ने स्पष्ट किया कि किसी भी प्रकार की भ्रामक, डिजिटल रूप से बदली गई या तोड़-मरोड़कर प्रस्तुत की गई जानकारी से चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता प्रभावित हो सकती है।


यह निर्देश ऐसे समय में आया है जब राज्य में आदर्श आचार संहिता लागू है और पहले चरण के मतदान की अधिसूचना शुक्रवार, 10 अक्टूबर को जारी होने वाली है। गुरुवार, 09 अक्टूबर 2025 को जारी बयान में निर्वाचन आयोग ने कहा कि आदर्श आचार संहिता के सभी प्रावधान इंटरनेट और सोशल मीडिया पर साझा की जाने वाली चुनाव प्रचार सामग्री पर भी पूरी तरह लागू होंगे।


आयोग ने स्पष्ट किया कि राजनीतिक दल या उम्मीदवार यदि अपने प्रचार में एआई-जनित, डिजिटल रूप से परिवर्तित या सिंथेटिक सामग्री का इस्तेमाल करते हैं, तो उन्हें यह स्पष्ट रूप से बताना होगा कि वह सामग्री "AI Generated", "Digitally Enhanced" या "Synthetic Content" है।


इसके साथ ही आयोग ने कहा कि विरोधी दलों या उम्मीदवारों की आलोचना नीतिगत मतभेद, कार्यक्रम, किये गए कार्यों या रिकॉर्ड तक सीमित रहनी चाहिए। किसी भी अपुष्ट आरोप, फर्जी खबर या तथ्यों के तोड़-मरोड़ के जरिए विरोधियों की छवि खराब करने की कोशिश सख्त निगरानी के दायरे में होगी।


आयोग ने सभी दलों को स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी है कि एआई तकनीक का उपयोग कर तैयार किए गए डीपफेक वीडियो या झूठी जानकारियों वाले कंटेंट को सोशल मीडिया पर फैलाना चुनाव की निष्पक्षता पर हमला माना जाएगा। आयोग के अनुसार, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है, ताकि चुनावी माहौल को भ्रामक प्रचार और गलत सूचनाओं से दूषित न होने दिया जाए। किसी भी उल्लंघन की स्थिति में संबंधित दल या उम्मीदवार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।


एआई के बढ़ते इस्तेमाल और इसकी मदद से मतदाताओं की राय को प्रभावित करने की संभावनाओं को देखते हुए, आयोग ने जनवरी 2025 में भी सभी दलों को परामर्श जारी किया था। उस परामर्श में कहा गया था कि एआई-आधारित किसी भी प्रचार सामग्री में पूर्ण पारदर्शिता और जवाबदेही होनी चाहिए। इसके तहत, एआई या डिजिटल रूप से बदली गई किसी भी तस्वीर, वीडियो, ऑडियो या अन्य सामग्री पर “AI Generated”, “Digitally Enhanced” या “Synthetic Content” का स्पष्ट लेबल देना अनिवार्य बनाया गया था।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता