ब्रेकिंग
NEET Student Death Case : 'एक बेटी को न्याय नहीं मिला तो...' NEET छात्रा मौत कांड की CBI रिपोर्ट देख भड़के HAM नेता, कहा - अधिकारियों पर हो कार्रवाई ✦कभी बच्चों संग जमीन पर बैठकर खाती हैं मिड-डे मील, तो कभी छात्राओं संग खेलती हैं बास्केटबॉल… जानिए कौन हैं IAS छिरिङ वाई भूटिया✦जंगल के अंदर जमीन में दबा मिला हथियारों का जखीरा, SSB ने राइफल, पिस्तौल और कारतूस किए बरामद✦दरभंगा में मनरेगा के ‘कागजी विकास’ पर सवाल: बिना काम कराए लाखों की निकासी का आरोप, ग्रामीणों ने पूछा..ये रामराज है या जंगलराज✦72वीं BPSC PT परीक्षा पर बड़ा अपडेट, 25 अक्टूबर को नहीं होगी परीक्षा! जानें नई तारीख पर क्या है अपडेट✦NEET Student Death Case : 'एक बेटी को न्याय नहीं मिला तो...' NEET छात्रा मौत कांड की CBI रिपोर्ट देख भड़के HAM नेता, कहा - अधिकारियों पर हो कार्रवाई ✦कभी बच्चों संग जमीन पर बैठकर खाती हैं मिड-डे मील, तो कभी छात्राओं संग खेलती हैं बास्केटबॉल… जानिए कौन हैं IAS छिरिङ वाई भूटिया✦जंगल के अंदर जमीन में दबा मिला हथियारों का जखीरा, SSB ने राइफल, पिस्तौल और कारतूस किए बरामद✦दरभंगा में मनरेगा के ‘कागजी विकास’ पर सवाल: बिना काम कराए लाखों की निकासी का आरोप, ग्रामीणों ने पूछा..ये रामराज है या जंगलराज✦72वीं BPSC PT परीक्षा पर बड़ा अपडेट, 25 अक्टूबर को नहीं होगी परीक्षा! जानें नई तारीख पर क्या है अपडेट

बिहार में PG मेडिकल छात्रों को बड़ी सौगात, मानदेय में भारी बढ़ोतरी; अब हर महीने मिलेंगे लाखों रुपये... जानिए कितना हुआ इजाफा

Bihar PG Medical Students: बिहार सरकार ने सरकारी मेडिकल और डेंटल कॉलेजों में पीजी कर रहे छात्रों के मानदेय में बड़ी बढ़ोतरी की है। नई दरें 1 जनवरी 2026 से लागू होंगी और छात्रों को उनके वर्ष के अनुसार बढ़ा हुआ मानदेय...

बिहार में PG मेडिकल छात्रों को बड़ी सौगात, मानदेय में भारी बढ़ोतरी; अब हर महीने मिलेंगे लाखों रुपये... जानिए कितना हुआ इजाफा
Ramakant kumar
4 मिनट

Bihar PG Medical Students: बिहार सरकार ने राज्य के सरकारी मेडिकल और डेंटल कॉलेजों में पीजी की पढ़ाई कर रहे छात्रों के मानदेय में बड़ी बढ़ोतरी की है. स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी संकल्प के अनुसार संशोधित मानदेय की नई दरें 1 जनवरी 2026 से लागू होंगी. नई व्यवस्था के तहत पीजी छात्रों को उनके वर्ष के अनुसार हर महीने 92,800 रुपये से लेकर 1,12,200 रुपये तक मानदेय मिलेगा.


नई दर के मुताबिक पीजी प्रथम वर्ष के छात्रों को अब 92,800 रुपये प्रतिमाह, द्वितीय वर्ष के छात्रों को 1,02,000 रुपये प्रतिमाह और तृतीय वर्ष के छात्रों को 1,12,200 रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जाएगा. इससे पहले प्रथम, द्वितीय और तृतीय वर्ष के पीजी छात्रों को क्रमशः 82,000 रुपये, 90,200 रुपये और 99,220 रुपये प्रतिमाह मिल रहे थे.


तीनों वर्षों के मानदेय में हुई बढ़ोतरी

मानदेय में हुई बढ़ोतरी से सरकारी चिकित्सा एवं दंत महाविद्यालयों में पीजी की पढ़ाई कर रहे छात्रों को प्रशिक्षण और सेवाकाल के दौरान पहले की तुलना में बेहतर आर्थिक सहयोग मिलेगा. सरकार का मानना है कि इससे चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में विशेषज्ञ चिकित्सकीय मानवबल तैयार करने को भी प्रोत्साहन मिलेगा.


स्वास्थ्य विभाग के अनुसार राज्य में चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए लगातार कई स्तरों पर काम किया जा रहा है. पीजी छात्र भविष्य के विशेषज्ञ चिकित्सक हैं और राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका होगी. ऐसे में उनके मानदेय में बढ़ोतरी को सरकार चिकित्सा क्षेत्र में मानव संसाधन को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मान रही है.


स्वास्थ्य मंत्री बोले- बेहतर सुविधाओं के साथ बेहतर मानवबल तैयार करना प्राथमिकता

स्वास्थ्य मंत्री श्री निशांत ने कहा कि राज्य सरकार चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए लगातार जरूरी कदम उठा रही है. उन्होंने कहा कि पीजी छात्र भविष्य के विशेषज्ञ चिकित्सक हैं और राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था में उनकी अहम भूमिका है. मानदेय में बढ़ोतरी से उन्हें प्रोत्साहन मिलेगा और चिकित्सा शिक्षा के लिए बेहतर माहौल तैयार होगा.


उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य केवल मेडिकल संस्थानों की संख्या बढ़ाना नहीं है, बल्कि ऐसे विशेषज्ञ चिकित्सकीय मानवबल को तैयार करना भी है, जो बिहार के लोगों को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करा सके. पीजी छात्रों के मानदेय में की गई बढ़ोतरी इसी दिशा में उठाया गया कदम है.


स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार मेडिकल कॉलेजों में बेहतर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ चिकित्सा शिक्षा की गुणवत्ता और चिकित्सकीय मानव संसाधन को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है. बेहतर प्रशिक्षण और सुविधाओं के जरिए बिहार में विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता बढ़ाने पर भी सरकार का जोर है.


मानदेय में यह बढ़ोतरी सरकारी मेडिकल और डेंटल कॉलेजों में पीजी की पढ़ाई कर रहे छात्रों के लिए आर्थिक रूप से अहम मानी जा रही है. इससे राज्य में विशेषज्ञ चिकित्सकों को तैयार करने की प्रक्रिया को बढ़ावा मिलने के साथ भविष्य में स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूत करने में मदद मिलने की उम्मीद है.