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Corruption in Bihar: कार्यपालक अभियंता प्रमोद कुमार के ठिकानों पर EOU की बड़ी छापेमारी, आय से 309% अधिक संपत्ति का खुलासा

Corruption in Bihar: बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई लगातार तेज होती जा रही है। इसी कड़ी में बिहार पुलिस मुख्यालय के आर्थिक अपराध एवं साइबर अपराध प्रकोष्ठ (EOU) ने एक बड़ी कार्रवाई किया है।

Corruption in Bihar
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PRIYA DWIVEDI
2 मिनट

Corruption in Bihar: बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई लगातार तेज होती जा रही है। इसी कड़ी में बिहार पुलिस मुख्यालय के आर्थिक अपराध एवं साइबर अपराध प्रकोष्ठ (EOU) ने एक बड़ी कार्रवाई किया है, जिसमें बिहार राज्य शैक्षणिक आधारभूत संरचना विकास निगम लिमिटेड (BSEIDC), सहरसा में तैनात कार्यपालक अभियंता प्रमोद कुमार के ठिकानों पर 10 जुलाई 2025 को एक साथ छापेमारी की है।


दरअरल, EOU की प्रारंभिक जांच में सामने आया कि अभियंता प्रमोद कुमार के पास उनकी ज्ञात आय से 309.61% अधिक संपत्ति है। इस आधार पर आर्थिक अपराध थाना कांड संख्या 13/2025 के तहत भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। FIR 9 जुलाई को दर्ज की गई थी।


प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, प्रमोद कुमार के खिलाफ यह जांच आय से अधिक संपत्ति (DA – Disproportionate Assets) के संदेह पर की जा रही है। इसके तहत पटना, सहरसा और सीतामढ़ी स्थित उनके आवासीय व व्यावसायिक परिसरों में एक साथ छापेमारी की गई। टीम में आर्थिक अपराध इकाई के वरिष्ठ अधिकारी, तकनीकी विशेषज्ञ और सुरक्षा बल मौजूद थे।


छापेमारी के दौरान बड़ी संख्या में दस्तावेज़, ज़मीन-जायदाद के कागजात, बैंक खाते, निवेश से जुड़ी फाइलें और कुछ इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए गए हैं। टीम यह भी जांच कर रही है कि यह संपत्ति प्रमोद कुमार ने अकेले अर्जित की है या किसी अन्य के साथ साझेदारी में।


ईओयू के अनुसार, सभी जब्त दस्तावेजों और डिजिटल डेटा की फॉरेंसिक जांच कराई जाएगी, जिसके बाद इस मामले में गिरफ्तारी की संभावनाएं भी बढ़ सकती हैं। अगर प्रमोद कुमार दोषी पाए जाते हैं, तो उनके खिलाफ संपत्ति जब्ती और सेवा से निलंबन जैसी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बिहार पुलिस मुख्यालय ने बयान में कहा है कि यह छापेमारी राज्य सरकार की 'भ्रष्टाचार मुक्त प्रशासन' नीति के तहत की गई है और आगे भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।