Bihar Flood Alert: बिहार के मुंगेर में गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। गंगा का पानी 38.86 मीटर तक पहुंच गया है, जबकि खतरे का निशान 39.33 मीटर है। यानी गंगा खतरे के निशान से महज 47 सेंटीमीटर नीचे बह रही है।
बढ़ते जलस्तर के कारण कई गांवों में बाढ़ का पानी फैल गया है और अब इसका असर स्कूलों पर भी पड़ रहा है। कई विद्यालयों में बाढ़ का पानी घुसने के कारण जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग ने 28 बाढ़ प्रभावित स्कूलों को सुरक्षित स्थानों पर स्थित विद्यालयों में स्थानांतरित कर दिया है, ताकि बच्चों की पढ़ाई बाधित न हो।
गंगा के बढ़ते जलस्तर ने ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। कई गांवों में बाढ़ का पानी फैल चुका है। घरों के आसपास पानी जमा है और ग्रामीण अपने जरूरी सामान और मवेशियों के साथ सुरक्षित और ऊंचे स्थानों की ओर पलायन कर रहे हैं। ऊंचे स्थानों पर डेरा जमाए ग्रामीणों का कहना है कि गांव की स्थिति काफी बदतर हो गई है। पानी बढ़ने के कारण घरों में रहना मुश्किल हो गया है।
यही वजह है कि वे अपने परिवार, सामान और मवेशियों को लेकर सुरक्षित जगहों पर आ गए हैं।बाढ़ का असर अब बच्चों की पढ़ाई पर भी पड़ने लगा है। कई स्कूलों में बाढ़ का पानी प्रवेश कर चुका है, जिसके कारण विद्यालयों में पठन-पाठन प्रभावित हुआ है। इसी को देखते हुए शिक्षा विभाग ने 28 बाढ़ प्रभावित विद्यालयों के शिक्षकों को सुरक्षित विद्यालयों में प्रतिनियुक्त करने का फैसला लिया है।
विभाग के आदेश के अनुसार शिक्षकों को संबंधित सुरक्षित विद्यालयों में योगदान देकर शिक्षण कार्य शुरू करना होगा। यह व्यवस्था फिलहाल 10 सितंबर 2026 तक प्रभावी रहेगी। बाढ़ के बीच प्रशासन की कोशिश है कि लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के साथ बच्चों की पढ़ाई भी जारी रहे। इसी उद्देश्य से प्रभावित 28 स्कूलों को सुरक्षित विद्यालयों में स्थानांतरित किया गया है।





