ब्रेकिंग
सरकार के पास फ्रैक्चर पर प्लास्टर लगाने तक के पैसे नहीं बचे? सरकारी अस्पताल में टूटे पैर पर कार्टन बांधने पर भड़के तेजस्वीबिहार के सरकारी अस्पताल में बड़ी लापरवाही: टूटे पैर पर प्लास्टर की जगह बांध दिया कार्टन, स्वास्थ्य व्यवस्था पर फिर उठे सवालबिहार विधान परिषद चुनाव 2026: RJD ने 6 कैंडिडेट का किया ऐलान, शिक्षक-स्नातक सीटों पर उतारे उम्मीदवारBihar News: धनकुबेर अधीक्षण अभियंता के ठिकानों से क्या मिला ? पत्नी-माता-बहन-बहनोई के नाम पर पटना से लेकर मुंबई तक प्रॉपर्टी...ग्राहक बनकर आभूषण दुकान में पहुंचे महिला-पुरुष और बच्चा... बातों में दुकानदार को उलझाया, पलक झपकते ही कर दिया कांडसरकार के पास फ्रैक्चर पर प्लास्टर लगाने तक के पैसे नहीं बचे? सरकारी अस्पताल में टूटे पैर पर कार्टन बांधने पर भड़के तेजस्वीबिहार के सरकारी अस्पताल में बड़ी लापरवाही: टूटे पैर पर प्लास्टर की जगह बांध दिया कार्टन, स्वास्थ्य व्यवस्था पर फिर उठे सवालबिहार विधान परिषद चुनाव 2026: RJD ने 6 कैंडिडेट का किया ऐलान, शिक्षक-स्नातक सीटों पर उतारे उम्मीदवारBihar News: धनकुबेर अधीक्षण अभियंता के ठिकानों से क्या मिला ? पत्नी-माता-बहन-बहनोई के नाम पर पटना से लेकर मुंबई तक प्रॉपर्टी...ग्राहक बनकर आभूषण दुकान में पहुंचे महिला-पुरुष और बच्चा... बातों में दुकानदार को उलझाया, पलक झपकते ही कर दिया कांड

Bihar News: 11 साल लिव-इन में रहने के बाद प्रेमी ने बेच दी प्रेमिका की जमीन, FIR के आदेश

Bihar News: औरंगाबाद में 11 साल की लिव-इन रिलेशनशिप के बाद प्रेमी प्रेमिका की जमीन बेचकर हुआ फरार। पीड़िता ने बिहार महिला आयोग में की शिकायत, FIR के आदेश।

Bihar News
प्रतीकात्मक
© Google
Deepak Kumar
Deepak Kumar
2 मिनट

Bihar News: बिहार के औरंगाबाद जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जहाँ 11 साल तक लिव-इन रिलेशनशिप में रहने के बाद एक महिला को अपने प्रेमी से विश्वासघात का सामना करना पड़ा है। पीड़िता का आरोप है कि उसने भरोसे में अपनी जमीन प्रेमी के नाम कर दी थी, लेकिन उसने न केवल जमीन अपने नाम करवाई, बल्कि उसे बेचकर फरार भी हो गया। इस धोखाधड़ी ने महिला को आर्थिक और भावनात्मक रूप से तोड़ दिया है। अब वह न्याय की गुहार लगाने के लिए बिहार राज्य महिला आयोग के पास पहुँची है।


मंगलवार, 1 जुलाई को पटना में बिहार राज्य महिला आयोग ने इस मामले की सुनवाई की है। पीड़िता ने अपने बयान और दस्तावेजों के साथ आयोग को पूरी घटना बताई है। आयोग ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल जाँच के आदेश दिए और जाँच पूरी होने के बाद आरोपी प्रेमी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश जारी किया है।


उसी दिन आयोग ने इस मामले के साथ-साथ दहेज उत्पीड़न, यौन शोषण और अन्य महिला उत्पीड़न से जुड़े 12 अन्य मामलों की सुनवाई भी की। कुल 13 केसों में से तीन दहेज उत्पीड़न से संबंधित थे। सभी पीड़िताओं को अगली सुनवाई की तारीख दी गई है, ताकि उनकी शिकायतों पर विस्तृत जाँच और कार्रवाई हो सके। आयोग ने यह भी सुनिश्चित किया है कि पीड़िताओं को त्वरित और निष्पक्ष न्याय मिले, जिससे उनकी सुरक्षा और अधिकारों की रक्षा हो सके।


ज्ञात हो कि बिहार राज्य महिला आयोग का पुनर्गठन 9 जून 2025 को हुआ था और तब से यह महिलाओं की समस्याओं को सुलझाने में सक्रिय भूमिका निभा रहा है। पुनर्गठन के बाद से आयोग के पास रोज़ाना दर्जनों शिकायतें पहुँच रही हैं, जिनमें दहेज, घरेलू हिंसा और यौन उत्पीड़न जैसे गंभीर मामले शामिल हैं।