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08-Sep-2024 03:10 PM
By Ganesh Samrat
PATNA: विधायक से सांसद बने आरजेडी नेता सुधाकर सिंह को धमकी मिली है। सांसद ने कैमूर के रामगढ़ थाने में मामला दर्ज कराया है, बावजूद पुलिस मामले में एक्शन नहीं ले रही है। हद तो तब हो गई जब सांसद सुधाकर सिंह ने थानेदार से केस का स्टेटस पूछा। बिहार के रंगबाज थानेदार ने एक्शन लेने के बजाए सांसद को ही हड़काना शुरू कर दिया और कहा कि तुम्हारे जैसा सांसद-विधायक को जेब मे रखते हैं। सुधाकर सिंह ने इसकी शिकायत एसपी से की है।
दरअसल, बीते दो सितंबर 2024 को अभिनंदन कुमार नाम के शख्स ने मोबाइल नंबर 9973227473 से फोन कर आरजेडी सांसद सुधाकर सिंह के साथ अभ्रद्र भाषा का प्रयोग किया और उन्हें जान से मारने की धमकी दी। जिसकी शिकायत सुधाकर सिंह ने उसी दिन रामगढ़ थाना प्रभारी को लिखित रूप में दर्ज कराई लेकिन आरजेडी सांसद का आरोप है कि पुलिस ने इस मामले में कोई एक्शन नहीं लिया।
सुधाकर सिंह ने कहा है कि रामगढ़ के नरहन और लबेदहा के किसानों ने उनसे शिकायत की है कि रामगढ़ थाना प्रभारी द्वारा उन्हें धमकी दी जा रही है। जब सुधाकर सिंह ने इस संबंध में थाना प्रभारी से बात की, तो थानेदार ने कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया बल्कि, कहा कि वह उनके जैसे बहुत से सांसदों और विधायकों को अपनी जेब में रखकर घूमते हैं, जहां शिकायत करनी हो, कर लो। थानेदार ने यह भी कहा कि उनका कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता है।
थानेदार की बातों से आहत आरजेडी सांसद सुधाकर सिंह ने कहा कि यह टिप्पणी न केवल अनुचित है, बल्कि एक निर्वाचित जनप्रतिनिधि के प्रति घोर अपमानजनक भी है। क्या यह बिहार पुलिस की कार्य संस्कृति का प्रतिनिधित्व करता है? यदि एक सांसद के साथ इस प्रकार का व्यवहार किया जा सकता है, तो आम नागरिकों की स्थिति क्या होगी? यह घटना लोकतांत्रिक मूल्यों का घोर उल्लंघन प्रतीत होती है। पुलिस का यह रवैया न केवल जनप्रतिनिधियों के प्रति अनादर को दर्शाता है, बल्कि समूचे कानून व्यवस्था तंत्र पर प्रश्नचिह्न लगाता है।
उन्होंने कहा कि यह स्थिति राजनीतिक हस्तक्षेप और संभावित भ्रष्टाचार की ओर भी इशारा करती है। यह स्पष्ट है कि यह पूरा घटनाक्रम मुझे कमजोर करने के लिए रचा जा रहा है लेकिन मैं स्पष्ट कर देना चाहता हूं कि मैं इन धमकियों से डरने वाला नहीं हूं। अब तक मुझे कमजोर करने के बहुत प्रयास किए गए और आगे भी किए जाएंगे, लेकिन लोकतंत्र में जनता मालिक है, न कि आप और आपकी पुलिस। उन्होंने एसपी को पत्र लिखकर थानेदार की शिकायत की है और इस दिशा में एक्शन लेने को कहा है।