Bihar News: पूर्णिया सांसद पप्पू यादव और उनकी पत्नी कांग्रेस सांसद रंजीत रंजन को एमपी-एमएलए कोर्ट बड़ी राहत मिली है। 15 साल पुराने मामले में कोर्ट ने पप्पू यादव, रंजीत रंजन और संतोष यादव को बरी कर दिया है। साल 2009 के लोगसभा चुनाव के दौरान इनके ऊपर आदर्श आचार संहिता उल्लंघन का केस दर्ज हुआ था। कोर्ट ने गुरुवार को मामले पर सुनवाई पूरी करते हुए सबूतों के अभाव में तीनों को बरी कर दिया।


सांसद पप्पू यादव के वकील मुरारी चौबे और ब्रज किशोर सिंह ने बताया कि पूर्णिया के तत्कालीन एसडीओ सह डीसीएलआर संजय उपाध्याय ने 8 मार्च, 2009 को केहाट थाने में कांड संख्या 75/09 दर्ज कराया था। इस मामले में वकील मुरारी चौबे और ब्रज किशोर सिंह के अनुसार, अभियोजन पक्ष की ओर से एक गवाह पेश किया गया था। हालांकि, साक्ष्य के अभाव में अदालत ने तीनों आरोपियों को बरी करते हुए मुकदमे का निपटारा कर दिया।


बता दें कि 7 मार्च 2009 को कटिहार से पूर्णिया जाने के दौरान सांसद पप्पू यादव के नागरिक अभिनंदन के लिए रंदभूमि मैदान को बैनर और पोस्टर से पाट दिया गया था। साथ ही साथ जुलूस का भी आयोजन किया गया था, जो आचार संहिता का खुला उल्लंघन था। देश लोकसभा चुनाव के दौरान उस वक्त आदर्श आचार संहिता लागू था। जिला प्रशासन ने इस मामले में पप्पू यादव, उनकी पत्नी रंजीत रंजन और संतोष यादव के खिलाफ मामला दर्ज कराया था।