ब्रेकिंग न्यूज़

जमुई में खनन विभाग की बड़ी कार्रवाई, 2100 घनफीट अवैध बालू जब्त 6 हजार मासिक की स्टाइपेंड चाहते हैं बिहार के युवा तो अभी करें अप्लाई, नीतीश सरकार ने दिया बड़ा मौका पटना में विवाहिता की संदिग्ध मौत, वकील दामाद पर ससुर ने लगाया हत्या का आरोप, कहा..7 धुर जमीन के लिए बना रहा था दबाव BIT मेसरा पटना कैंपस में रक्तदान शिविर का आयोजन, NSMCH बिहटा के सहयोग से 110 यूनिट रक्त संग्रह सीतामढ़ी में पोते की हत्या का सदमा बर्दाश्त नहीं कर पाईं दादी, शोक में तोड़ा दम अयोध्या राम मंदिर परिसर में नमाज़ पढ़ने की कोशिश, पकड़ा गया कश्मीरी, सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप प्रेमी से मिलने के लिए मां-बाप के खाने में मिलाती थी नींद की गोली, एक रात पकड़ी गई साजिश पटना के फुलवारीशरीफ में कुत्तों का आतंक, एक ही दिन में 39 लोगों को काटा, इलाके में दहशत का माहौल गोपालगंज में खेत से मिला 20 साल के युवक का शव, हत्या की आशंका, गांव में तनाव का माहौल रिटायर्ड दारोगा को साइबर ठगों ने बनाया शिकार, डिजिटल अरेस्ट के बहाने 58 लाख की ठगी

Land Mutation in Bihar: दाखिल-खारिज के सबसे अधिक मामले राजगीर में लंबित

Land Mutation in Bihar: बिहार सरकार तो दाबे खूब करती है ,लेकिन इस दाबे की हकीकत कुछ और होती है,नालंदा जिला में भी हाल कुछ ऐसा ही है ,जहाँ दाखिल ख़ारिज के हजारों मामले लंबित है .

दाखिल ख़ारिज ,राजगीर ,जमीन मालिक अंचल block ,circle officer co

18-Mar-2025 02:38 PM

By First Bihar

Land Mutation in Bihar: नालंदा के राजगीर में दाखिल-खारिज के कुल 4,287 मामले लंबित हैं, जिनमें 2,069 मामले निर्धारित समय सीमा के भीतर निपटाए नहीं जा सके। पिछले 35 दिनों से 472 मामले और 75 दिनों से 1,592 मामले लंबित पड़े हैं। 


यहाँ दाखिल-खारिज के सबसे अधिक मामले लंबित

बिहार में दाखिल-खारिज के हजारों मामले अटके हुए हैं, जिसके कारण लोग CO कार्यालयों के चक्कर काटने को मजबूर हैं। अंचल स्तर पर राजगीर में सबसे अधिक 746 मामले लंबित हैं, जबकि बिहारशरीफ में 729 मामले लंबित होने के कारण यह दूसरे स्थान पर है। जिले के अंचलों में ऑनलाइन दाखिल-खारिज की सुविधा लागू होने के बावजूद लोगों को इसका पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है।

आम लोगों को बार-बार लगानी पड़ रही है अंचल कार्यालयों के चक्कर

समय पर दाखिल-खारिज नहीं होने से आम नागरिकों को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है। प्रशासन के निर्देशों के बावजूद अंचल कार्यालयों में आवेदन रिजेक्ट करने से पहले त्रुटियों की जानकारी नहीं दी जाती, जिससे लोग बार-बार कार्यालयों के चक्कर लगाने को मजबूर हो रहे हैं।

अंचलवार लंबित दाखिल-खारिज मामले

राजगीर – 729 ,बिहारशरीफ – 746 ,नूरसराय – 355 ,गिरियक – 280 ,हरनौत – 30 ,इस्लामपुर – 247

 रैयतों में बढ़ रहा आक्रोश

दाखिल-खारिज मामलों के बढ़ते बैकलॉग और धीमी प्रक्रिया के कारण लोगों में भारी आक्रोश है। अब सवाल यह उठता है कि क्या सरकार इस पर सख्त निर्देश देकर समाधान करेगी या सिर्फ बयानबाजी चलती रहेगी?