ब्रेकिंग न्यूज़

Train News: रेलवे ने 22 ट्रेनों के समय में किया बदलाव, तीन अमृत भारत एक्सप्रेस भी शामिल; जानिए.. नई टाइमिंग Train News: रेलवे ने 22 ट्रेनों के समय में किया बदलाव, तीन अमृत भारत एक्सप्रेस भी शामिल; जानिए.. नई टाइमिंग Bihar News: बिहार में डायल 112 की गाड़ी पेड़ से टकराई, चार पुलिसकर्मी घायल; दो की हालत गंभीर bike gang robbery : पटना से सटे इलाके में दिनदहाड़े हीरो शोरूम मालिक से 6 लाख रुपए की लूट, अपराधियों ने बाइक से पीछा कर दिया घटना को अंजाम बिहार में पुलिस वाले भी सुरक्षित नहीं: गोली लगने से पुलिसकर्मी की संदिग्ध मौत, गले के आर-पार हुई बुलेट; हत्या है या आत्महत्या? बिहार में पुलिस वाले भी सुरक्षित नहीं: गोली लगने से पुलिसकर्मी की संदिग्ध मौत, गले के आर-पार हुई बुलेट; हत्या है या आत्महत्या? इंस्टाग्राम स्टोरी बनी मौत का पैगाम: बिहार में अवैध संबंध के कारण दुकानदार की बेरहमी से हत्या, आरोपी पत्नी गिरफ्तार Six Lane Bridge : मोकामा-बेगूसराय सिक्स लेन पुल पर जल्द शुरू होगी यह सुविधा, परिवहन मंत्री ने दिया जवाब Bihar Vidhan Sabha: फुलवारी शरीफ में महिला डिग्री कॉलेज की मांग, जानिए शिक्षा मंत्री ने विधानसभा में क्या दिया जवाब Bihar Vidhan Sabha: बिहार में सहायक निबंधक पद की नियुक्ति पर प्रशासनिक अड़चन जारी, 7 सालों से खाली पदों पर अभी तक नहीं आए अधिकारी

सांसद पत्नी के साथ आनंद मोहन ने किया अस्पताल का निरीक्षण, हॉस्पिटल की बदहाल हालत देख सिविल सर्जन को लगाया फोन, पूछा..मरीजों को खाना क्यों नहीं मिलता?

सांसद पत्नी के साथ आनंद मोहन ने किया अस्पताल का निरीक्षण, हॉस्पिटल की बदहाल हालत देख सिविल सर्जन को लगाया फोन, पूछा..मरीजों को खाना क्यों नहीं मिलता?

17-Jul-2024 08:30 PM

By First Bihar

SITAMARHI: शिवहर की सांसद लवली आनंद अपने पति आनंद मोहन के साथ रात के 9 बजे सीतामढ़ी के बैरगनिया स्थित सरकारी अस्पताल में निरीक्षण के लिए पहुंचीं। इस दौरान डॉक्टर अस्पताल में मौजूद नहीं थे। जब लवली आनंद और आनंद मोहन ने अस्पताल के कर्मचारी से जब यह पूछा कि डॉक्टर साहब कहां है? तब अस्पताल के कर्मचारी ने जवाब दिया कि वो खाना खाने के लिए गये हुए हैं। 


तब आनंद मोहन ने पूछा कि मरीजों को आज खाने में क्या दिया गया है? आनंद मोहन की बातें सुनकर कर्मचारी के होश उड़ गए। वहां मौजूद किसी को पता तक नहीं था कि हॉस्पिटल में खाना भी बनता हैं। जबकि सरकार हॉस्पिटल में भर्ती मरीजों को खाना भी उपलब्ध कराती है लेकिन अस्पताल का प्रभारी सब पैसा खा जाता है। भोजन की थाली मरीजों तक नहीं पहुंच पाती है। शायद यही हाल यहां का भी है।


आनंद मोहन ने जब सिविल सर्जन से इस संबंध में फोन पर बात की। कहा कि आप लोग जल्द से जल्द बैरगनिया हॉस्पिटल की स्थिति में सुधार कीजिए। अब हम फोन नहीं करेंगे यह पहली चेतावनी है कि हॉस्पिटल की स्थिति सुधारिये। नहीं तो हम सुधार देंगे। यहां आने वाले मरीजों को रेफर करने के बजाय इलाज कीजिए यहां की व्यवस्था दुरुस्त कीजिए। 


उन्होंने सिविल सर्जन से कहा कि मरीज को इलाज, रहने और खाने की व्यवस्था कीजिए।  यहां के डॉक्टर को भी पता नहीं कि आज मरीज को किसी कलर का बेड शीट देना है। प्रत्येक दिन मरीज का बेड शीट चेंज करना होगा। बार बार फ़ोन नहीं करूंगा यह पहली चेतावनी हैं आप लोग हॉस्पिटल को सुधार कीजिये नहीं तो हम सुधार कर देंगे।