बिहार में उच्च शिक्षा सुधार पर सख्ती: खराब प्रदर्शन वाले संस्थानों का होगा शैक्षणिक ऑडिट, वोकेशनल कोर्स की फीस होगी एकसमान बिहार में उच्च शिक्षा सुधार पर सख्ती: खराब प्रदर्शन वाले संस्थानों का होगा शैक्षणिक ऑडिट, वोकेशनल कोर्स की फीस होगी एकसमान Bihar News : बिहार को मिलेगा दूसरा ग्लास ब्रिज, गंगा के ऊपर चलने का रोमांच होगा शुरू! श्रद्धालु देखेंगे डॉल्फिन का नजारा कप्तान बदले, कहानी नहीं! धोनी से राहुल और अब पंत तक… हर बार क्यों गरम हो जाता है गोयनका कैंप का माहौल? जानिए... BIHAR NEWS : इंग्लिश चेकिंग में धरा गए 'तेजस्वी'..! इनकी अंग्रेजी अभी भी नौवीं फेल के लेवल से बाहर नहीं निकली, BJP ने नेता प्रतिपक्ष की ज्ञान का उड़ाया मजाक Bihar liquor ban : “शराबबंदी वाले बिहार में फिर जहरीली शराब का कहर! मोतिहारी में मौत का सिलसिला जारी, अब तक 4 की मौत, थानेदार सस्पेंड और कई गिरफ्तार Bihar News: नालंदा में छेड़खानी के बाद सियासी सरगर्मी तेज… पीड़िता से मिले पप्पू यादव, कानून-व्यवस्था पर उठाए सवाल BIHAR NEWS : कभी थे खून के प्यासे दुश्मन, अब संन्यास से पहले करा रहे महादंगल! जानिए अनंत–विवेका की हैरान कर देने वाली कहानी बिहार में आज दिखेगा देशी और विदेशी पहलवानों का जलवा, अनंत कुमार सिंह ने सजाया अखाड़ा – जानिए क्या है खास इंतजाम, क्यों मचने वाली है सबसे बड़ी कुश्ती दंगल की धूम! Patna Airport : पटना एयरपोर्ट पर बड़ी लापरवाही! मोहसिन अली के हैंड बैग से 3 जिंदा कारतूस बरामद, CISF ने किया खुलासा
24-Dec-2021 03:04 PM
PATNA : पटना हाईकोर्ट के समक्ष राज्य में कोरोना महामारी से उत्पन्न हुई हालात के सम्बन्ध में दायर जनहित याचिकाओं पर शुक्रवार को वर्चुअल सुनवाई हुई. चीफ जस्टिस संजय करोल की खंडपीठ ने शिवानी कौशिक और अन्य द्वारा दायर जनहित याचिकाओं पर सुनवाई की. राज्य सरकार ने कोर्ट को जानकारी देते हुए बताया कि अगली सुनवाई में राज्य के सभी जिलों के अस्पतालों के सम्बन्ध में पूरा ब्यौरा बुकलेट के रूप में पेश करेगी. पिछली सुनवाई में कोर्ट ने राज्य सरकार को नए सिरे से पूरे तथ्यों की जांच कर हलफनामा दायर करने का निर्देश दिया था.
इससे पहले राज्य सरकार द्वारा दायर हलफनामा में विरोधाभासी तथ्यों के मद्देनजर कोर्ट ने गहरी नाराजगी जताई थी. बता दें आज इस मामलें की ऑन लाइन सुनवाई हुई, जिसमें स्वास्थ्य विभाग के अपर प्रधान सचिव ने बताया कि राज्य के सभी जिलों के अस्पतालों से पूरी जानकारियां ले कर उन्हें बुकलेट के रूप में कोर्ट के समक्ष पेश किया जाएगा. राज्य सरकार द्वारा दायर विरोधभासी हलफनामा पर पिछली सुनवाई में ऑन लाइन उपस्थित हेल्थ डिपार्टमेंट के अपर सचिव अमृत प्रत्यय ने खेद जाहिर किया था. उन्होंने कहा था कि अगली सुनवाई में विस्तृत और पूरे विवरण के साथ हलफनामा दायर किया जाएगा.
उन्होंने कोर्ट को बताया कि बिहार राज्य स्वास्थ्य सेवा समिति के कार्यपालक अधिकारी संजय कुमार के अध्यक्षता में चार सदस्यों की एक टीम गठित किया गया है. यह टीम राज्य के सरकारी अस्पतालों में कार्यरत अधिकारी, कर्मचारी और उपलब्ध सुविधाओं की जांच कर रहा है. जिला के सभी जिलों के सिविल सर्जनों द्वारा जिला के सरकारी अस्पतालों के सम्बन्ध में पूरा ब्यौरा तथ्यों को जांच कर प्रस्तुत करेंगे. राज्य सरकार ने जो इससे पहले जिला के सरकारी अस्पतालों के सम्बन्ध में हलफनामा दायर किया था. उसमें काफी जानकारियां सही नहीं थी.कोर्ट ने इसे काफी गम्भीरता से लेते हुए हेल्थ डिपार्टमेंट के प्रधान सचिव को पूरा और सही तथ्यों पर आधारित ब्यौरा प्रस्तुत करने को कहा था.
चीफ जस्टिस संजय करोल की खंडपीठ ने इस मामलें पर आज साढ़े ग्यारह बजे सुबह ऑनलाइन पर सुनवाई किया. कोर्ट में स्वास्थ्य विभाग के अपर प्रधान सचिव ने ऑन लाइन उपस्थित हो कर सारी स्थिति का ब्यौरा दिया. कोर्ट ने पटना के सिविल सर्जन को अस्पतालों में सारी व्यवस्था,दवा,डॉक्टर व अन्य सुविधाओं की तैयारी बनाए रखने का निर्देश दिया था.पिछली सुनवाई के दौरान खंडपीठ ने कहा था कि कोरोना के नए वैरिएंट के मद्देनजर हमें सावधानी बरतने की जरूरत है. कोरोना का खतरा अभी भी बना हुआ है.
पिछली सुनवाई में कोर्ट ने राज्य सरकार से कोरोना को लेकर राज्य भर में कराई गई सुविधाओं के संबंध में ब्योरा देने को कहा था. कोर्ट ने विशेष तौर साउथ अफ्रीका में फैले कोविड के नए वैरियंट ओमाइक्रोन के खतरे को देखते हुए राज्य सरकार को राज्य में ऑक्सीजन के उत्पादन और भंडारण के संबंध में सूचित करने को कहा था. अधिवक्ता विनय कुमार पांडेय ने बताया था कि कोर्ट ने उसके पूर्व भी राज्य के राज्य भर में उपलब्ध मेडिकल स्टाफ, दवाइयां, ऑक्सीजन व एम्बुलेंस आदि के संबंध में ब्यौरा तलब किया था. इस मामले पर 7 जनवरी, 2022को सुनवाई होगी.