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मुख्यमंत्री के बयान पर तेजप्रताप ने बोला हमला, कहा- जहां बॉर्डर से घुसते है लोग...वहां नीतीश कुमार जी कुर्सी लगाकर बैठ जाएं

27-Dec-2021 10:03 PM

PATNA: समाज सुधार अभियान कार्यक्रम के तहत तीसरे चरण में आज मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार सासाराम पहुंचे थे जहां उन्होंने साफ तौर पर कहा था कि बिहार में किसी को भी शराब पीने की इजाज़त हम नहीं देंगे। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा था कि यदि दारू पीना है तो बिहार मत आइये। उनके इस बयान पर लालू के बड़े बेटे व हसनपुर विधायक तेजप्रताप यादव ने हमला बोला। तेजप्रताप ने कहा कि बिहार से बाहर जहां से बॉर्डर से लोग घुसते है वही नीतीश कुमार जी कुर्सी पर बैठ जाए। जो भी शराब पीकर जाए उसे वही गिरफ्तार कर लें।


दिल्ली से पटना लौटने के बाद तेजप्रताप मीडिया से बातचीत कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर तो हमला बोला ही साथ ही जीतन राम मांझी पर भी हमलावर नजर आएं। मांझी के बयान पर तेजप्रताप ने कहा कि हमें तो जात-पात से कोई लेना देना नहीं है। सबकों एक बराबर से ही देखना चाहिए। सबकों मिला जुलाकर चलना चाहिए। मांझी जी को खासकर इस तरह के बयानों से बचने की जरूरत है।


गौरतलब है कि बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी ने आज अपने सरकारी आवास पर ब्राह्मणों को भोज के लिए आमंत्रित किया था। मांझी के निमंत्रण पर बड़ी संख्या में ब्राहमण समाज के लोग भोज करने पहुंचे थे। मांझी ने खुद अपने हाथों से ब्राह्मणों को दही चूड़ा परोसा लेकिन वहां ब्राह्मणों के साथ धक्का मुक्की हो गई और ब्राह्मण नाराज होकर बिना खाए ही बाहर निकल गये थे। 


मांझी ने अपने भोज में आमंत्रित ब्राह्मणों के लिए शर्त रही थी कि उनके वहां ऐसे ब्राहमण आये जो मांस-मदिरा और मछली का सेवन नहीं करते हों. जो ब्राह्मण चोरी डकैती नहीं की हो. इसी बात को लेकर वहां विवाद हो गया. ब्राहमणों को इसी बात की आपत्ति थी. ब्राहमण ने कहा कि बिहार में शराबबंदी है फिर यहां मदिरा पीने की बात कैसे कर रहे वो. हम लोग मांझी जी से यही पूछने आये हैं. ब्राह्मणों ने कहा कि हम मांझी जी से मिलना चाहते थे लेकिन हमारे साथ धक्का-मुक्की हुई. एक ओर भोज देते हैं. और बैठने नहीं देते. ब्राह्मणों को गाली देते हैं।  


वही अपने समाज सुधार अभियान कार्यक्रम के तहत तीसरे चरण में आज बिहार के मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार सासाराम पहुंचे थे। इस अभियान का आज तीसरा दिन था। यह कार्यक्रम सासाराम के फजलगंज स्थित न्यू स्टेडियम में हुआ। सीएम नीतीश ने साफ़ तौर पर कहा कि बिहार में किसी को भी शराब पीने की इजाज़त हम नहीं देंगे. दारू पीना है तो बिहार मत आइये. सीएम नीतीश ने WHO की रिपोर्ट का हवाला देते हुए शराब पीने के नुकसान को भी बताया. आत्महत्या करने वालों में 18 प्रतिशत लोग शराबी होते हैं. शराब पीकर दुनिया भर में 27 प्रतिशत दुर्घटना होती है. अगर लंबा जीना है तो शराब को छूना भी नहीं है.