मधुबनी पुलिस की बड़ी कार्रवाई: TOP-10 अपराधी और गांजा तस्कर नरेश यादव गिरफ्तार झारखंड के बोकारो में हाथियों का तांडव, एक ही परिवार के 3 लोगों की रौंदा मुजफ्फरपुर में सरकारी गाड़ी के दुरुपयोग का वीडियो वायरल, तिमुल अध्यक्ष की फैमिली पर सवाल, ग्रामीण SP ने दिए जांच के आदेश पटना में बिना निशान थायरॉइड सर्जरी की ऐतिहासिक सफलता, रुबन मेमोरियल हॉस्पिटल में नई मेडिकल उपलब्धि Bihar News: होली पर घर आना चाहते हैं तो आपके लिए है 285 स्पेशल ट्रेन, ECR ने दी जानकारी Bihar News: बिहार में अवैध खनन के खिलाफ सरकार सख्त, एक महीने में करीब पांच हजार जगहों पर छापेमारी; 673 वाहन जब्त Bihar News: बिहार में अवैध खनन के खिलाफ सरकार सख्त, एक महीने में करीब पांच हजार जगहों पर छापेमारी; 673 वाहन जब्त बिहटा के NSMCH में Annual College Fest “ADRENERGY 2.0” का भव्य शुभारंभ, 8 दिनों तक चलेगा कार्यक्रम मधुबनी: अंतर्राष्ट्रीय साइबर फ्रॉड गिरोह का पर्दाफाश, चार ठग गिरफ्तार Bihar News: होली-ईद पर यात्रियों को बड़ी राहत, बिहार के इस शहर से दिल्ली, गुरुग्राम और अंबाला के लिए विशेष बस सेवा शुरू
10-Dec-2024 08:14 AM
By First Bihar
SM KRISHNA: दुखद खबर सियासी गलियारे से निकल कर सामाने आ रही है, जहां कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व विदेश मंत्री एसएम कृण्णा का निधन हो गया है। वह 92 साल के थे। बेंगलुरु क सदाशिवनगर स्थित अपने आवास में उन्होंने अंतिम सांस ली। हाल ही में उन्हें बेंगलुरु के मणिपाल अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
जानकारी के मुताबिक, 10 दिसंबर की सुबह करीब ढाई बजे पूर्व सीएम एसएम कृष्णा ने आखिरी सांस ली। पूर्व मुख्यमंत्री उनके परिवार के साथ साथ राजनीतिक गलियारे में शोक की लहर है। उनके निधन की खबर सुनकर उनके आवास पर लोगों का तांता लग गया है। उनके पार्थिव शरीर को मद्दूर ले जाने की संभावना है। पूर्व सीएम सोमनहल्ली मल्लैया कृष्णा के परिवार में उनकी पत्नी और दो बेटियां हैं।
साल 1932 के 1 मई को कर्नाटक के मांड्या जिले के सोमनहल्ली में एसएम कृष्णा का जन्म हुआ था। पहली बार उन्होंने 162 में मद्दुर विधानसभा सीट से निर्दलीय चुनाव जीता और यहां से उनकी राजनीतिक पारी की शुरूआत हुई थी। कांग्रेस में शामिल होने से पहले वह प्रजा सोशलिस्ट पार्टी में थे।
हालांकि, साल 2017 में वह भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए थे। पिछले साल ही उन्होंने सक्रिय राजनीति से संन्यास ले लिया था। कृष्णा 11 अक्टूबर 1199 से 28 मई 2004 तक कर्नाटक के मुख्यमंत्री रहे। महाराष्ट्र के राज्यपाल के रूप में भी उन्होंने काम किया था।