Bihar News: बिहार के इस इलाके में प्रस्तावित पुल का निर्माण रद्द होने पर उबाल, सैकड़ों लोग सड़क पर उतरे बिहार में अपराधियों का तांडव: 20 घंटे के भीतर बैक टू बैक हत्या की तीन वारदात से हड़कंप, पुलिस की कार्यशैली पर उठे सवाल Bihar murder news : ग्रामीण डॉक्टर की गोली मारकर हत्या, घर के पास बदमाशों ने दिया वारदात को अंजाम viral video DGP : वर्दी में बेशर्मी! कानून के रखवाले DGP का अश्लील वीडियो वायरल, पूरा महकमा शर्मसार Patna hostel murder : पटना के होस्टल्स में खौफ ? 15 वर्षीय छात्रा की हत्या, परफैक्ट गर्ल्स पीजी में हुआ बड़ा कांड; परिजनों ने बताया पूरा सच Muzaffarpur fake police : खाकी वर्दी वाले ही कर रहे ठगी ! ‘नकली पुलिस’ का नया खेल, कानपुर के व्यापारी से 1.5 किलो चांदी की ठगी; CCTV में कैद वारदात Bihar Jan Sunwai : जनता के लिए बड़ी खबर, सोमवार और शुक्रवार को जनता से मिलेंगे गृह विभाग के अधिकारी; जानें समय और जगह special land survey campaign : बिहार में CM नीतीश ने किया विशेष भूमि मापी अभियान की घोषणा, 31 जनवरी तक निपटाए जाएंगे लंबित आवेदन Supreme Court SC/ST Act : सिर्फ अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल SC/ST एक्ट के तहत अपराध नहीं, सुप्रीम कोर्ट का आदेश chara ghotala : 28 साल बाद चारा घोटाला मामले अर्जित संपत्ति की रिकवरी की तैयारी, 11 रिवोकेशन केस की सुनवाई शुरू
27-Dec-2024 11:23 PM
By First Bihar
Neem Karauli Baba: गोमती नदी के किनारे स्थित हनुमान सेतु मंदिर न केवल एक धार्मिक स्थल है, बल्कि श्रद्धा और चमत्कार का जीवंत प्रतीक भी है। इस मंदिर की स्थापना नीम करौली बाबा ने कराई थी, जिन्हें कलियुग में हनुमान जी का अवतार माना जाता है। बाबा के भक्त उन्हें महाराज जी के नाम से भी पुकारते हैं।
मंदिर में हनुमान जी की सफेद संगमरमर की भव्य मूर्ति स्थापित है, जो यहां आने वाले भक्तों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र है। मंदिर का निर्माण एक चमत्कारी घटना के बाद हुआ। वर्ष 1960 में गोमती नदी में बाढ़ आई थी, जिससे मंदिर के पीछे स्थित बाबा की कुटिया तो बह गई, लेकिन मंदिर को कोई नुकसान नहीं हुआ।
पुल निर्माण में बाधा और बाबा का चमत्कार
1960 के बाद सरकार ने हनुमान सेतु पुल का निर्माण शुरू किया। लेकिन पुल निर्माण के दौरान कई बाधाएं आने लगीं, जिससे बिल्डर काफी परेशान हो गए। बाबा से मदद मांगने पर उन्होंने सलाह दी कि पुल से पहले हनुमान जी का मंदिर बनवाया जाए। बाबा के सुझाव पर मंदिर का निर्माण शुरू हुआ, और इसके साथ ही पुल निर्माण में आने वाली सभी समस्याएं समाप्त हो गईं।
मंदिर का शुभारंभ और वार्षिकोत्सव
हनुमान सेतु मंदिर का उद्घाटन 26 जनवरी 1967 को हुआ। तब से यह स्थान न केवल लखनऊ के लोगों के लिए, बल्कि पूरे भारत के श्रद्धालुओं के लिए आस्था का प्रमुख केंद्र बना हुआ है। हर साल यहां वार्षिकोत्सव धूमधाम से मनाया जाता है।
नीम करौली बाबा और हनुमान सेतु मंदिर का महत्व
नीम करौली बाबा का यह मंदिर उनकी दिव्य शक्ति और हनुमान जी की कृपा का प्रतीक है। भक्त मानते हैं कि यहां दर्शन करने से हर संकट दूर हो जाता है। बाबा के चमत्कारों और उनकी आध्यात्मिक ऊर्जा ने इस मंदिर को धार्मिक और ऐतिहासिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण बना दिया है। हनुमान सेतु मंदिर आज भी श्रद्धालुओं की आस्था और विश्वास का केंद्र है, जहां भक्त जीवन की समस्याओं से मुक्ति और मन की शांति के लिए आते हैं।