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बक्सर में गरजे सन ऑफ मल्लाह: मुकेश सहनी बोले..निषाद आरक्षण लेकर रहेंगे, हमारी एकता देख हिल गई दिल्ली की कुर्सी

 बक्सर में गरजे सन ऑफ मल्लाह: मुकेश सहनी बोले..निषाद आरक्षण लेकर रहेंगे, हमारी एकता देख हिल गई दिल्ली की कुर्सी

06-Sep-2023 07:12 PM

By First Bihar

BUXAR: विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) के प्रमुख और पूर्व मंत्री मुकेश सहनी आज अपनी निषाद आरक्षण संकल्प यात्रा के क्रम में बक्सर की पौराणिक धरती बक्सर पहुंचे। यहां उन्होंने इस धरती को नमन करते हुए कहा कि इस धरती पर भगवान राम ने कभी ताड़का का वध किया था। उन्होंने कहा कि भगवान राम की नैया को भी निषाद  ने पार किया था। 


इस दौरान सहनी लोगों के बेहतर भविष्य के लिए, अपने हक और अधिकार के लिए संघर्ष के लिए हाथों में  गंगा जल देकर संकल्प भी करवाया। उन्होंने लोगों से कहा कि जिस प्रकार इस संकल्प यात्रा में निषादों का जनसैलाब उमड़ रहा, उसमे निषादों की एकता देख दिल्ली की कुर्सी हिल रही है। 


मुकेश सहनी ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि पिछले नौ वर्षों से आरक्षण के लिए संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने लोगों में विश्वास जगाते हुए कहा कि पूर्वजों ने पौने दो सौ साल संघर्ष और लड़ाई के बाद ही देश को आजाद करवाया था। आज हमे भी अपने अधिकार के लिए संघर्ष करना होगा। उन्होंने कहा कि अपने संघर्ष की बदौलत हम आरक्षण लेकर रहेंगे। 


आज की यात्रा पुराना भोजपुर खेल मैदान से शुरू हुई। उसके बाद यह यात्रा मल्हचकिया दुर्गा मंदिर, चौसा हाई स्कूल खेल मैदान होते हुए समहुता शेरशाह के पोखरा पहुंचा। इस दौरान सभी स्थानों पर सहनी का जोरदार स्वागत किया गया। उन्होंने लोगों में जोश भरते हुए कहा कि अपने अधिकार की लड़ाई हमे खुद लड़नी होगी। अपने अधिकार के लिए संघर्ष करना होगा। अन्य की प्रदेशों में आरक्षण है लेकिन यूपी, बिहार और झारखंड में नहीं है। मुकेश सहनी ने कहा कि यह आपकी ताकत का परिणाम है कि पहले निषाद को एक टिकट पाने के लिए वर्षों दौड़ना पड़ता था, लेकिन आज एक निषाद का बेटा टिकट बांट रहा है।


BUXAR: विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) के प्रमुख और पूर्व मंत्री मुकेश सहनी आज अपनी निषाद आरक्षण संकल्प यात्रा के क्रम में बक्सर की पौराणिक धरती बक्सर पहुंचे। यहां उन्होंने इस धरती को नमन करते हुए कहा कि इस धरती पर भगवान राम ने कभी ताड़का का वध किया था। उन्होंने कहा कि भगवान राम की नैया को भी निषाद  ने पार किया था। 


इस दौरान सहनी लोगों के बेहतर भविष्य के लिए, अपने हक और अधिकार के लिए संघर्ष के लिए हाथों में  गंगा जल देकर संकल्प भी करवाया। उन्होंने लोगों से कहा कि जिस प्रकार इस संकल्प यात्रा में निषादों का जनसैलाब उमड़ रहा, उसमे निषादों की एकता देख दिल्ली की कुर्सी हिल रही है। 


मुकेश सहनी ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि पिछले नौ वर्षों से आरक्षण के लिए संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने लोगों में विश्वास जगाते हुए कहा कि पूर्वजों ने पौने दो सौ साल संघर्ष और लड़ाई के बाद ही देश को आजाद करवाया था। आज हमे भी अपने अधिकार के लिए संघर्ष करना होगा। उन्होंने कहा कि अपने संघर्ष की बदौलत हम आरक्षण लेकर रहेंगे। 


आज की यात्रा पुराना भोजपुर खेल मैदान से शुरू हुई। उसके बाद यह यात्रा मल्हचकिया दुर्गा मंदिर, चौसा हाई स्कूल खेल मैदान होते हुए समहुता शेरशाह के पोखरा पहुंचा। इस दौरान सभी स्थानों पर सहनी का जोरदार स्वागत किया गया। उन्होंने लोगों में जोश भरते हुए कहा कि अपने अधिकार की लड़ाई हमे खुद लड़नी होगी। अपने अधिकार के लिए संघर्ष करना होगा। अन्य की प्रदेशों में आरक्षण है लेकिन यूपी, बिहार और झारखंड में नहीं है। मुकेश सहनी ने कहा कि यह आपकी ताकत का परिणाम है कि पहले निषाद को एक टिकट पाने के लिए वर्षों दौड़ना पड़ता था, लेकिन आज एक निषाद का बेटा टिकट बांट रहा है।