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12-Dec-2024 05:24 PM
By First Bihar
Bihar News: कृषि मंत्री मंगल पांडेय ने गुरुवार को पटना के बामेती में ड्रोन दीदी योजना अंतर्गत चयनित महिला स्वयं सहायता समूहों के एक दिवसीय कार्यशाला का उद्घाटन किया। स्थानीय बामेती सभागार में आयोजित कार्यशाला में कृषि मंत्री ने राज्य के 16 जिलों से आई 201 स्वयं सहायता समूहों की दीदियों को एक साथ संबोधित किया। अपने संबोधन में कृषि मंत्री ने कहा की तेज रफ्तार से चलना है तो नई तकनीक को समझना, स्वीकारना और उसका उपयोग करना होगा नहीं तो पिछड़ जाएंगे। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की परिकल्पना से ये योजना सामने आई और सीएम श्री नीतीश कुमार के मार्गदर्शन से इसे जमीन पर उतारा गया है। जिसका आप सभी को लाभ मिलने वाला है।
मंगल पांडेय ने कहा कि इस योजना का नाम ड्रोन दीदी योजना इसीलिए रखा गया ताकि आधी आबादी यानी महिलाओं को तकनीकी और आर्थिक रूप से विकसित किया जा सके। इस योजना में ड्रोन समेत पूरे किट के लिए 80 प्रतिशत यानी 8 लाख का अनुदान दिया जा रहा है। वहीं बाकी बचे 2 लाख आपको जीविका समूहों के माध्यम से दिए जाएंगे। पूरे देश मे इस वित्तीय वर्ष 2024-25 और अगले वित्तीय वर्ष 2025-26 में 14 हजार 500 समूहों को ड्रोन दीदी योजना से जोड़ने का लक्ष्य है। जिससे विकसित भारत और विकसित बिहार का निर्माण हो सकेगा। राज्य में किसानों के पास पारम्परिक नैपसेक, हैंड रॉकिंग स्प्रेयर इत्यादि छिड़काव यंत्र उपलब्ध हैं। वर्तमान में अति आधुनिक एवं स्वचालित संचालित छिड़काव यंत्र (ड्रोन) का प्रयोग प्रायोगिक तौर पर कृषि विज्ञान केन्द्र एवं अन्य कृषि संस्थानों के द्वारा किया जा रहा है। ड्रोन के उपयोग से कीटनाषी की कम मात्रा के साथ-साथ समय एवं पूँजी की बचत हो रही है, जिससे किसानों की उत्पादकता एवं आय में वृद्वि होगी।
कृषि मंत्री ने कहा कि इस योजना अंतर्गत भारत सरकार द्वारा बिहार राज्य के लिए कुल 201 ड्रोन वितरण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। पटना में निःषुल्क 15 दिवसीय ड्रोन पायलट का प्रषिक्षण कराया जाएगा। ड्रोन दीदी योजना के प्रभावी ढंग से क्रियान्वयन एवं सतत निगरानी हेतु सचिव, कृषि विभाग की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय कमिटी का गठन किया गया है। जिनके मार्गदर्षन में हीं इस योजना का कार्यान्वयन किया जायेगा।