सहरसा पुलिस की बड़ी कार्रवाई, लग्जरी कार से भारी मात्रा में प्रतिबंधित कफ सिरप बरामद, 4 तस्कर गिरफ्तार नशे में धुत युवक ने की फायरिंग, महिला घायल, आरोपी को ग्रामीणों ने पकड़ा आरा–बक्सर फोरलेन पर भीषण सड़क हादसा, तीन युवकों की दर्दनाक मौत, एक की हालत गंभीर बिहार कांग्रेस विधायक दल के नेता पर आज फैसला संभव, पटना में अहम बैठक छपरा में फर्जी IAS बनकर DM से मिलने पहुंचा युवक गिरफ्तार, टाउन थाने में FIR दर्ज Bihar Crime News: बिहार में मोबाइल के लिए बड़े भाई ने ले ली छोटे भाई की जान, हत्या की वारदात से सनसनी Bihar Crime News: बिहार में मोबाइल के लिए बड़े भाई ने ले ली छोटे भाई की जान, हत्या की वारदात से सनसनी सीके अनिल ने अंचलाधिकारियों को मंत्री के सामने हड़काया, कहा..कल तक हड़ताल वापस लो, नहीं तो हो जाओगे डिसमिस रेलवे कर्मचारियों का 36 सूत्री मांगों को लेकर प्रदर्शन, मांगें नहीं मानने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी Bihar News: दर्दनाक सड़क हादसे में रिटायर्ड शिक्षक की मौत, बेटा गंभीर रूप से घायल; दो बाइक की हुई सीधी टक्कर
24-Feb-2025 05:59 PM
By First Bihar
इसके लिए इस बार 324.38 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं की बुआई की गई है। लेकिन इस बेहतरीन शुरुआत के बावजूद, देश के गेहूं उत्पादन में बाधाएं भी आ सकती हैं और गेहूं की कीमतों को काबू में करना सरकार के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकता है। वर्तमान में गेहूं की बुआई की स्थिति उत्साहजनक है, लेकिन भारत के प्रमुख गेहूं उत्पादक क्षेत्रों, खासकर उत्तर प्रदेश में, तापमान में वृद्धि से पैदावार पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में तापमान 2-3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है, जो गेहूं की फसल की गुणवत्ता पर प्रतिकूल असर डाल सकता है।
उत्तर प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में तापमान 15 डिग्री सेल्सियस के स्तर को पार कर चुका है, जो गेहूं के पौधों की वृद्धि में रुकावट डाल सकता है। अगर यह स्थिति बनी रहती है, तो इससे उत्पादन में गिरावट आ सकती है और देश के 115 मिलियन टन उत्पादन लक्ष्य को हासिल करना मुश्किल हो सकता है।
सरकार ने गेहूं की कीमतों पर काबू पाने के लिए ओपन मार्केट सेल स्कीम (OMSS) के तहत गेहूं की बिक्री बढ़ा दी है। हालांकि, इस कदम के बावजूद, गेहूं की कीमतें अब भी दबाव में हैं। वर्तमान में गेहूं की कीमतें 2,425 रुपये प्रति क्विंटल के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) से ऊपर बनी हुई हैं। लेकिन, उत्पादन में वृद्धि और आने वाले समय में नई फसल की आवक से कीमतों में और गिरावट की संभावना जताई जा रही है।
सरकार ने इस दबाव को कम करने के लिए ओपन मार्केट में गेहूं की साप्ताहिक बिक्री 1.5 लाख टन से बढ़ाकर 4 लाख टन कर दी है। यह कदम सरकार द्वारा गेहूं की आपूर्ति बढ़ाने के लिए उठाया गया है ताकि बाजार में कीमतों को स्थिर रखा जा सके।