पटना में NEET छात्रा की मौत पर उबाल: शंभू गर्ल्स हॉस्टल के बाहर महिला संगठनों का जोरदार प्रदर्शन, बुलडोजर एक्शन की मांग पटना में NEET छात्रा की मौत पर उबाल: शंभू गर्ल्स हॉस्टल के बाहर महिला संगठनों का जोरदार प्रदर्शन, बुलडोजर एक्शन की मांग PM Awas Yojana Gramin: पीएम आवास योजना से बदली बिहार के गांवों की तस्वीर, 12 लाख परिवारों को मिलेगा अपना घर PM Awas Yojana Gramin: पीएम आवास योजना से बदली बिहार के गांवों की तस्वीर, 12 लाख परिवारों को मिलेगा अपना घर Prayagraj Magh Mela: प्रयागराज माघ मेला में राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा के दो वर्ष पूरे होने पर आभार सभा, संतों ने दिया सनातन संरक्षण का संदेश Prayagraj Magh Mela: प्रयागराज माघ मेला में राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा के दो वर्ष पूरे होने पर आभार सभा, संतों ने दिया सनातन संरक्षण का संदेश क्या यही शराबबंदी है? जमुई में डाक पार्सल वैन से 19 लाख की शराब बरामद, ड्राइवर और खलासी गिरफ्तार रेलवे मालगोदाम में दर्दनाक हादसा: चावल अनलोडिंग के दौरान ट्रक से कुचलकर बच्चे की मौत, मुआवजे को लेकर हंगामा रेलवे मालगोदाम में दर्दनाक हादसा: चावल अनलोडिंग के दौरान ट्रक से कुचलकर बच्चे की मौत, मुआवजे को लेकर हंगामा Bihar News: RCD के भ्रष्ट 'अभियंता' के खिलाफ चलेगा केस...EOU ने आय से 1.21 करोड़ अधिक अर्जित करने का किया था खुलासा
17-Nov-2025 08:00 AM
By First Bihar
Bihar News: बिहार चुनाव में प्रचंड बहुमत हासिल करने के बाद नीतीश कुमार की सरकार अब विकास की नई गाथा लिखने का मन बना चुकी है। ऐसे में अब नेपाल सीमा से सटे पूर्वी चंपारण जिले के रक्सौल में राज्य का आठवां सबसे बड़ा एयरपोर्ट बनाया जा रहा है। इसके लिए 207 करोड़ रुपये खर्च कर 139 एकड़ जमीन अधिग्रहण किया जाएगा। अगले महीने से मुआवजा वितरण और अधिग्रहण की कवायद शुरू हो जाएगी। पहले से ही उपलब्ध 100 एकड़ से ज्यादा जमीन के साथ कुल 239 एकड़ में यह परियोजना साकार होगी।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जनवरी के महीने में ही इस प्रोजेक्ट को हरी झंडी दी थी। एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया इसका निर्माण करेगी। रनवे की लंबाई 2740 मीटर होगी और यह दरभंगा और पूर्णिया एयरपोर्ट की तर्ज पर बनेगा। यह नेपाल के साथ कनेक्टिविटी बढ़ाएगा और सीमावर्ती इलाके में व्यापार-पर्यटन को भी बढ़ावा देगा। रक्सौल एयरपोर्ट की स्थापना 1962-63 के भारत-चीन युद्ध के दौरान हुई थी, तब सेना के विमानों के लिए इसका इस्तेमाल होता था। लंबे समय से बंद पड़ा यह एयरपोर्ट अब उड़ान योजना के तहत पुनर्जीवित किया जा रहा है।
जिला प्रशासन ने सभी प्रशासनिक तैयारियां पूरी कर ली हैं। रैयतों को मुआवजा वितरण दिसंबर से शुरू होगा। पूर्वी चंपारण के डीएम ने कहा है कि भूमि नक्शा प्राप्त हो चुका है और करीब 300 एकड़ में कुल विकास होगा। यह एयरपोर्ट पूर्णिया के बाद बिहार का अगला बड़ा हवाई अड्डा बनेगा। मुख्यमंत्री दिसंबर में निरीक्षण के लिए आ सकते हैं।
स्थानीय व्यापारियों ने इस कदम का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि एयरपोर्ट से पर्यटन बढ़ेगा और रोजगार के नए अवसर खुलेंगे। सरकार का लक्ष्य बिहार को हवाई कनेक्टिविटी का हब बनाना है। अधिग्रहण प्रक्रिया सुचारु रखने के लिए विशेष टीम गठित की गई है। दिसंबर से काम तेज होगा और 2027 तक कमर्शियल फ्लाइट्स शुरू होने की उम्मीद है।