PATNA:  शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव (ACS) डॉ. एस. सिद्धार्थ ने सभी जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) को शिक्षकों के तबादले और पदस्थापन के लिए ई-शिक्षाकोष पोर्टल पर सूचनाएं उपलब्ध कराने को कहा है। शिक्षकों के स्थानान्तरण और पदास्थापन के लिए सभी डीईओ को शिक्षा विभाग ने विशेष निर्देश जारी किया है। इतने तारीख तक शिक्षकों का डिटेल देना है। 


शिक्षकों के स्थानान्तरण / पदस्थापन हेतु प्राप्त अभ्यावेदनों पर विचारण हेतु शिक्षकों की कोटि यथा, नियमित शिक्षक, विद्यालय अध्यापक, नियोजित शिक्षक (विशिष्ट शिक्षक सहित) के अनुसार उपलब्धता एवं आवश्यकता संबंधी सूचना अपेक्षित है। विद्यालय स्तर पर रिक्ति एवं surplus शिक्षकों की विवरणी ई-शिक्षाकोष पोर्टल पर  दिनांक-12.03.2025 तक अद्यतन कराकर अनुमोदित किया जाना है। 


दिनांक-13.03.2025 से स्थानान्तरण / पदस्थापन का सॉफ्टवेयर सभी श्रेणी के लिए प्राप्त आवेदनों हेतु चलाया जाना है। ज्ञातव्य हो कि सॉफ्टवेयर चलाने के दौरान या बाद में यह विवरणी update नहीं की जा सकती है। एक बार सॉफ्टवेयर चलाने में करीब 07 दिन लगेंगे, इसलिए एक बार सॉफ्टवेयर चलाने के बाद पुनः किसी प्रकार के संशोधन हेतु सॉफ्टवेयर नहीं चलाया जा सकता है। इसलिए डीईओ को कहा गया है कि वो यह सुनिश्चित करें कि विद्यालयवार शिक्षकों की स्वीकृत इकाई, ई-शिक्षाकोष पर कार्यरत शिक्षकों की संख्या, नाम एवं अन्य विवरणी, रिक्ति / Surplus Teacher एवं आवश्यक शिक्षकों की संख्या अद्यतन रहे। 


यदि किसी परिस्थिति में आप उपरोक्त निर्धारित तिथि तक रिक्ति अद्यतन नहीं कर पाए तो निदेशक, प्राथमिक शिक्षा को अविलंब दूरभाष पर इसकी सूचना देंगे ताकि सॉफ्टवेयर चलाने का कार्य स्थगित रखा जा सके। शिक्षा विभाग ने कहा कि यदि आप सूचित नहीं करेंगे तो सॉफ्टवेयर चलाने का कार्य दिनांक 13.03.2025 को प्रारंभ कर दिया जाएगा। सभी जिला शिक्षा पदाधिकारी संलग्न "प्रपत्र" में इस आशय का प्रमाण पत्र दिनांक 12.03.2025 तक समर्पित करेंगे कि विद्यालयवार रिक्ति एवं Surplus शिक्षकों से संबंधित आँकड़ों की प्रविष्टि ई-शिक्षाकोष पर पूर्ण कर दी गयी है।


बता दें कि रिक्ति / Surplus के आधार पर ही स्थानान्तरण / पदस्थापन किया जाना है। किसी प्रकार की त्रुटि होने पर जिला शिक्षा पदाधिकारी की पूर्ण जवाबदेही निर्धारित की जाएगी। यदि सॉफ्टवेयर चलाने के बाद रिक्ति से संबंधित कोई त्रुटि परिलक्षित होती है, तो इसे गंभीरता से लिया जाएगा। यह सुनिश्चित करें कि सभी विद्यालयों में विषयवार रिक्ति / Surplus से संबंधित आँकड़ों को पूर्ण रूप से अद्यतन किया जाए ताकि सही तौर पर शिक्षकों का स्थानान्तरण / पदस्थापन किया जा सके।