ब्रेकिंग न्यूज़

बिहार को जल्द मिलेंगे 25 नए IAS अधिकारी, इस दिन करेंगे ज्वाइन; प्रशासनिक कामकाज को मिलेगी रफ्तार बिहार को जल्द मिलेंगे 25 नए IAS अधिकारी, इस दिन करेंगे ज्वाइन; प्रशासनिक कामकाज को मिलेगी रफ्तार गोपालगंज पुलिस ने पशु तस्कर गिरोह का किया भंडाफोड़, सात गिरफ्तार Bihar Board Matric Result 2026: आंगनबाड़ी सेविका और किसान का बेटा बना स्टेट टॉपर, मैट्रिक परीक्षा में 8वां रैंक किया हासिल पनोरमा स्टार 2026 : बॉलीवुड एक्टर चंकी पांडेय ने बांधा समा, कलाकारों के साथ झूमा छातापुर पनोरमा स्टार 2026 : बॉलीवुड एक्टर चंकी पांडेय ने बांधा समा, कलाकारों के साथ झूमा छातापुर अरवल की बेटियों ने रचा इतिहास, सुप्रिया आठवें और नंदनी दसवें रैंक लाकर बनीं मैट्रिक टॉपर बिहार से आई हैरान करने वाली तस्वीर: गैस के लिए रातभर सड़कों पर सोने को मजबूर लोग, फिर भी नहीं मिल रहा LPG सिलेंडर बिहार से आई हैरान करने वाली तस्वीर: गैस के लिए रातभर सड़कों पर सोने को मजबूर लोग, फिर भी नहीं मिल रहा LPG सिलेंडर बिहार में मेले के मंच पर भारी हंगामा, पूर्व मंत्री के सामने आर्केस्ट्रा डांसर्स के बीच जमकर मारपीट; वीडियो हुआ वायरल

Home / bihar / गरीबी को मात देकर राजमिस्त्री की बेटी नसरीन परवीन ने रचा इतिहास, मैट्रिक...

गरीबी को मात देकर राजमिस्त्री की बेटी नसरीन परवीन ने रचा इतिहास, मैट्रिक में 5वां रैंक लाकर भोजपुर का नाम किया रोशन

भोजपुर की नसरीन परवीन ने 486 अंक (97.2%) लाकर बिहार मैट्रिक में 5वां स्थान हासिल किया। मजदूर पिता की बेटी ने कठिन हालात में अपनी मेहनत के बदौलत सफलता हासिल कर प्रदेश का नाम रोशन किया।

29-Mar-2026 03:54 PM

By First Bihar

ARRAH: यह कहावत बिल्कुल सही है कि यदि इरादे मजबूत हों, तो कोई भी कठिनाई रास्ता नहीं रोक सकती। भोजपुर जिले की प्रतिभाशाली छात्रा नसरीन परवीन ने इसे सच कर दिखाया है। गड़हनी थाना क्षेत्र स्थित रामधनी हाई स्कूल की छात्रा नसरीन ने मैट्रिक परीक्षा में 97.2 प्रतिशत अंक हासिल कर न केवल अपने परिवार, बल्कि पूरे जिले का नाम रोशन किया है।


नसरीन परवीन ने कुल 500 में से 486 अंक प्राप्त कर बिहार में पांचवां स्थान हासिल किया। जैसे ही परीक्षा परिणाम घोषित हुआ, पूरे गांव में खुशी की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों और शुभचिंतकों ने उनके घर पहुंचकर बधाई दी और उनकी सफलता को पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का क्षण बताया।


नसरीन का यह सफर आसान नहीं रहा। वह एक साधारण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से आती हैं। उनके पिता अली हसन पेशे से राजमिस्त्री हैं और दिहाड़ी मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। सीमित आय के बावजूद उन्होंने अपनी बेटी की पढ़ाई में कभी कमी नहीं आने दी।


परिवार में चार बहनें और एक भाई हैं, जिनमें नसरीन चौथे स्थान पर हैं। बड़े परिवार और सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने अपनी पढ़ाई जारी रखी और कड़ी मेहनत, लगन तथा दृढ़ संकल्प के बल पर यह मुकाम हासिल किया। नसरीन परवीन की यह सफलता न केवल उनके परिवार के लिए, बल्कि उन सभी छात्रों के लिए प्रेरणा है, जो कठिन परिस्थितियों में भी अपने सपनों को साकार करने का प्रयास कर रहे हैं।