ब्रेकिंग
पश्चिम चंपारण बस हादसा: पांच लोगों की मौत के बाद सड़क पर उतरे परिजन, शव सड़क पर रखकर की मुआवजे की मांगलुंगी पहनकर प्रेस कॉन्फ्रेंस करने पहुंचे विधायक IP गुप्ता, पत्रकारों से बोले-‘मोदी जी मेरे सपने में आए थे’ पटना में डराने लगी गंगा: भद्र घाट और महावीर घाट की सड़क पर पानी; SDRF और NDRF को अलर्ट रहने के निर्देशस्कूल से लौट रही छात्रा पर धारदार हथियार से हमला, गर्दन पर गंभीर चोट; हालत नाजुक होमगार्ड जवान हत्याकांड: 9 साल बाद आया कोर्ट का फैसला, तीन दोषियों को उम्रकैद की सजापश्चिम चंपारण बस हादसा: पांच लोगों की मौत के बाद सड़क पर उतरे परिजन, शव सड़क पर रखकर की मुआवजे की मांगलुंगी पहनकर प्रेस कॉन्फ्रेंस करने पहुंचे विधायक IP गुप्ता, पत्रकारों से बोले-‘मोदी जी मेरे सपने में आए थे’ पटना में डराने लगी गंगा: भद्र घाट और महावीर घाट की सड़क पर पानी; SDRF और NDRF को अलर्ट रहने के निर्देशस्कूल से लौट रही छात्रा पर धारदार हथियार से हमला, गर्दन पर गंभीर चोट; हालत नाजुक होमगार्ड जवान हत्याकांड: 9 साल बाद आया कोर्ट का फैसला, तीन दोषियों को उम्रकैद की सजा

नीतीश और उनके मंत्रियों की इमेज खराब कर रही केंद्र सरकार, जरूरत के मुताबिक नहीं मिलती मदद

PATNA : बिहार सरकार के मंत्री ने एक बार फिर से केंद्र की मोदी सरकार पर जोरदार हमला बोला है। बिहार सरकार के मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार हमारी इमेज खराब कर रही है। दरअसल, बिहार में

नीतीश और उनके मंत्रियों की इमेज खराब कर रही केंद्र सरकार, जरूरत के मुताबिक नहीं मिलती मदद
Tejpratap
Tejpratap
2 मिनट

PATNA : बिहार सरकार के मंत्री ने एक बार फिर से केंद्र की मोदी सरकार पर जोरदार हमला बोला है। बिहार सरकार के मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार हमारी इमेज खराब कर रही है। दरअसल, बिहार में इन दिनों खाद की किल्लत चल रही है। जिसके बाद इस मसले को लेकर केंद्र की मोदी सरकार और बिहार में नीतीश कुमार की सरकार सामने - समाने हो गई है। 


बिहार के कृषि मंत्री कुमार सर्वजीत ने एक दैनिक अखबार से बातचीत करते हुए कहा कि, बिहार को केंद्र से जरूरत के मुताबिक खाद नहीं मिल रही। यूरिया की सबसे अधिक कमी है। 18 नवंबर तक केंद्र ने हमें सिर्फ 37 फीसदी यूरिया दिया है। इससे किसानों और गरीबों के बीच नीतीश सरकार की छवि खराब हो रही है। यह भाजपा के तरफ से जान बूझकर कर किया जा रहा है।


उन्होंने कहा कि, केंद्र सरकार के तरफ से खुद सभी 38 जिलों की समीक्षा की है। 1800 किसानों से ऑनलाइन बातचीत की गई है। ल्रेकिन, इसके बाबजूद कोई निराकरण नहीं किया गया है। जब समय हाथ से निकल जाएगा तब केंद्र के आवंटन का कोई मतलब नहीं रह जाएगा। समय पर खाद नहीं देंगे तो किसानों की क्षति बढ़ेगी। राज्य की पैदावार प्रभावित होगी। खाद की कालाबाजारी बढ़ेगी। डीलर ही बाजार भाव पर बेचने लगेंगे और उन्हें नियंत्रित करना मुश्किल हो जाएगा। 


इस मुद्दे पर केंद्रीय रसायन एवं उर्वरक मंत्री मनसुख मांडविया का ट्वीट करते हुए कहा है कि  देश में कहीं भी खाद की कमी नहीं है खाद की कमी की जो भी खबरें चल रही हैं वे गलत और भ्रामक हैं। किसान किसी के भ्रम में न आए। खाद की पूरी आपूर्ति की जा रही है।