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फांसी के बाद अक्षय ठाकुर के गांव में पसरा सन्नाटा, कवरेज करने गए पत्रकारों को ग्रामीणों ने खदेड़ा

AURANGABAD: निर्भया के दोषी अक्षय ठाकुर के फांसी होने के बाद से गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है. परिजनों के रो रोकर बुरा हाल है. कोई कुछ बोलने को लेकर तैयार नहीं है.&nb

FirstBihar
Manish Kumar
2 मिनट

AURANGABAD: निर्भया के दोषी अक्षय ठाकुर के फांसी होने के बाद से गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है. परिजनों के रो रोकर बुरा हाल है. कोई कुछ बोलने को लेकर तैयार नहीं है.

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अक्षय के नाम सुनते ही भड़के ग्रामीण

जब कुछ पत्रकार अक्षय के गांव पहुंचे और अक्षय़ का नाम लिया तो कुछ ग्रामीण भड़क गए. यही नहीं ग्रामीणों ने लाठी लेकर दौड़ा दिया. अक्षय का घर का दरवाजा बंद रहा है. किसी ने खोला तक नहीं. अक्षय औरंगाबाद जिला गांव कर्मालहंग का रहने वाला था.


पूरे गांव के कर दिया बदनाम

गांव के कुछ युवकों ने बताया अक्षय का नाम लेते ही कहा कि उसका नाम लेना बेकार है. उसने पूरे गांव की बदनाम कर दिया है. गांव की इज्जत उसने मिट्टी में मिला दी है. अक्षय के कारनामों से ग्रामीणों में गुस्सा भी था. क्योंकि अक्षय के कारण इस गांव की बदनामी हुई. बता दें कि आज सुबह साढ़े पांच बजे निर्भया के चारों दोषियों को तिहाड़ जेल में फांसी दिया गया. दोषियों के वकील ने बचाने के लिए सभी हथकंडे काम नहीं आए और फांसी हो गई. 

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