ब्रेकिंग
PG में चल रहे सेक्स रैकेट का खुलासा, विदेशी नागरिकों समेत 21 गिरफ्तार, शराब और कॉन्डम का मिला अंबारसिंगर रितेश पांडेय से 10 लाख की मांगी रंगदारी, कैश नहीं देने पर जान से मारने की मिली धमकीBihar Train News : दुर्गापूजा-दिवाली-छठ पर घर जाना आसान! दिल्ली-हावड़ा रूट पर फेस्टिवल स्पेशल ट्रेन, पटना समेत इन स्टेशनों पर ठहरावमुंबई में तेज रफ्तार BMW फ्लाईओवर से नीचे गिरी, 3 युवकों की दर्दनाक मौत, एक की हालत गंभीरBihar IAS News: दिल्ली में 36 IAS अफसर, बिहार में वरिष्ठ अधिकारियों का टोटा; सचिवों के भरोसे चल रहे ज्यादातर विभागPG में चल रहे सेक्स रैकेट का खुलासा, विदेशी नागरिकों समेत 21 गिरफ्तार, शराब और कॉन्डम का मिला अंबारसिंगर रितेश पांडेय से 10 लाख की मांगी रंगदारी, कैश नहीं देने पर जान से मारने की मिली धमकीBihar Train News : दुर्गापूजा-दिवाली-छठ पर घर जाना आसान! दिल्ली-हावड़ा रूट पर फेस्टिवल स्पेशल ट्रेन, पटना समेत इन स्टेशनों पर ठहरावमुंबई में तेज रफ्तार BMW फ्लाईओवर से नीचे गिरी, 3 युवकों की दर्दनाक मौत, एक की हालत गंभीरBihar IAS News: दिल्ली में 36 IAS अफसर, बिहार में वरिष्ठ अधिकारियों का टोटा; सचिवों के भरोसे चल रहे ज्यादातर विभाग

खुले आसमान में जहां बोरा पर बैठ कर की थी पढ़ाई, अब वहां की तस्वीर बदलेंगे बॉलीवुड वाले 'कालीन भईया'

GOPALGANJ: बॉलीवुड के मशहूर फिल्म एक्टर पंकज त्रिपाठी इन दिनों अपने पैतृक गांव गोपालगंज में है। वे यहां पर अपने गांव की उस स्कूल के हालात को बदलने की लगातार कोशिश कर रहे हैं। जिस स्कूल में उन

खुले आसमान में जहां बोरा पर बैठ कर की थी पढ़ाई, अब वहां की तस्वीर बदलेंगे बॉलीवुड वाले 'कालीन भईया'
Aprajita  Shila
Aprajita Shila
4 मिनट

 GOPALGANJ: बॉलीवुड के मशहूर फिल्म एक्टर पंकज त्रिपाठी इन दिनों अपने पैतृक गांव गोपालगंज में है। वे यहां पर अपने गांव की उस स्कूल के हालात को बदलने की लगातार कोशिश कर रहे हैं। जिस स्कूल में उन्होंने और उनके पिता ने बचपन में पढ़ाई की थी। 


दरअसल बॉलीवुड के मशहूर फिल्म एक्टर पंकज त्रिपाठी अपने पैतृक गांव गोपालगंज के बेलसंड गांव के हायर सेकंडरी स्कूल को गोद लिया है। इस स्कूल को पंकज त्रिपाठी के पिता के नाम से संचालित संस्था पंडित बनारसी तिवारी हेमंती देवी फाउंडेशन के द्वारा इस गांव को गोद लिया गया है। इस संस्था के द्वारा ही बेलसंड गांव की इस स्कूल का जीर्णोधार किया जा रहा है।पंकज त्रिपाठी ने बताया की बचपन में यहां पर स्कूल का अपना कोई भवन नहीं था। सिर्फ नीम का पेड़ था। और इसी पेड़ के नीचे वे यहां पर पढ़ाई करते थे। 


पंकज त्रिपाठी ने अपने बचपन के दिनों की जिक्र करते हुए कहा कि वे घर से जूट का बोरा लेकर आते थे। यहां खुले आसमान के नीचे फर्श पर बैठकर पढ़ाई करते थे। आज इसी स्कूल की बदौलत वे बॉलीवुड में लगातार कई सफल फिल्मों में अभिनय कर रहे हैं। पंकज त्रिपाठी ने कहा कि इस गांव की मिट्टी से निकलकर वे बॉलीवुड में अपना और अपने गांव का नाम रोशन कर रहे हैं। उनकी इच्छा है कि इस स्कूल के हालात को बदला जाए। इस स्कूल के भवन का जीर्णोद्धार पंकज त्रिपाठी के पिता के नाम से संचालित संस्था पंडित बनारसी तिवारी हेमंती देवी फाउंडेशन के द्वारा  किया गया है। इस स्कूल के चारदीवारी और कमरों का रंग रोगन किया गया है। उसका मरम्मती किया गया है। स्कूल में सोलर सिस्टम से बिजली सप्लाई की जा रही है। इसके अलावा सभी कमरों में पंखे और बच्चो को स्पोर्ट्स किट उपलब्ध कराए जा रहे है। 


पंकज त्रिपाठी ने बताया कि उनके अनुरोध पर बर्गर पेंट के मालिक के द्वारा इस स्कूल के चारदीवारी और पूरे भवन की पेंटिंग भी कराई गई है। पंकज त्रिपाठी ने कहा कि वे चाहते हैं कि इस स्कूल के बच्चे भी अपने गांव और राज्य से बाहर निकल कर अपने प्रतिभा का परिचय दें।उन्होंने कहा कि गोपालगंज के डीएम के द्वारा कुछ महीने पूर्व गौरव ऐप का उद्घाटन किया गया था। इस ऐप के ही माध्यम से वे अपने गांव की मिट्टी से जुड़कर अपने गांव के स्कूल और गांव का विकास करना चाहते थे। 


इस मौके पर डीएम डॉ नवल किशोर चौधरी ने भी पंकज त्रिपाठी का आभार प्रकट किया। डीएम ने कहा कि पंकज त्रिपाठी मिट्टी से जुड़े हुए अभिनेता है। उनके बातों में गोपालगंज और बिहार की कल्चर यहां की भाषा और परंपरा झलकती है। डीएम ने कहा कि पंकज त्रिपाठी इस गांव के लिए कुछ करना चाहते हैं। पंकज त्रिपाठी ऐसे अभिनेता है जो गोपालगंज और बिहार के लिए बड़ी उपलब्धि है। पंकज त्रिपाठी ने बताया कि उनकी आने वाली 7 फिल्में है। जो 2023 में दर्शकों के बीच में आएंगी। लेकिन वे इस समय फिल्मों के बारे में बात नहीं करना चाहते हैं। सिर्फ अपने गांव के विकास और बच्चों के उज्जवल भविष्य को लेकर वे यहां पर आए हुए हैं।

रिपोर्टिंग
M

रिपोर्टर

MUKESH

FirstBihar संवाददाता