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जिंदा प्रवासी मजदूर को डॉक्टरों ने घोषित कर दिया मृत, पोस्टमॉर्टम हाउस में मिला जिंदा

RANCHI: डॉक्टरों की एक बार फिर लापरवाही सामने आई है. जिस युवक को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया था. उसको जब पोस्टमॉर्टम हाउस भेजा गया तो वह जिंदा था. यह लापरवाही रांची के चान्ह

FirstBihar
Manish Kumar
2 मिनट

RANCHI: डॉक्टरों की एक बार फिर लापरवाही सामने आई है. जिस युवक को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया था. उसको जब पोस्टमॉर्टम हाउस भेजा गया तो वह जिंदा था. यह लापरवाही रांची के चान्हो पीएचसी में सामने आई है.

करंट लगने के बाद हॉस्पिटल लेकर आए थे परिजन

बताया जा रहा है कि युवक को करंट लग गया था. जिसके बाद परिजनों ने उससे चान्हो पीएचसी लेकर आए. इस दौरान डॉक्टरों ने उससे मृत घोषित कर पोस्टमॉर्टम के लिए रांची के रिम्स भेज दिया. जब यहां डॉक्टरों ने देखा तो युवक की सांस चल रही थी. फिर उससे इमरजेंसी में भर्ती कराया गया. लेकिन इलाज के दौरान युवक की मौत हो गई.

 इलाज करने वालों डॉक्टरों का कहा कि अगर समय पर इलाज मिल जाता तो उसकी जान बचाई जा सकती थी. सुबह 9 बजे डॉक्टरों ने उससे मृत घोषित किया, लेकिन दोपहर 1 बजे तक उससी सांस चल रही थी. 26 साल का प्रवासी मजदूर केरल से अपने गांव लौटा था. वह लॉकडाउन के बाद पहली बार काम पर निकला था. लेकिन काम के दौरान ही उससे करंट लगने से झुलस गया. परिजन हॉस्पिटल लेकर गए. सही से इलाज नहीं मिलने के कारण युवक की मौत हो गई है.