ब्रेकिंग
पटना में दिनदहाड़े युवक-युवती पर चाकू से हमला, वायरल वीडियो से मचा हड़कंपपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरीBihar News : “मटन खाने से किया इनकार… फिर युवक पर बरसी लाठी-टांगी, बिहार के इस जिले में में अजीब विवाद2 करोड़ लोग ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ से जुड़े, बोले प्रशांत किशोर..जनता की नाराजगी सरकार को समझनी चाहिएपटना में दिनदहाड़े युवक-युवती पर चाकू से हमला, वायरल वीडियो से मचा हड़कंपपाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास बड़ा धमाका, अबतक 23 की मौत; 47 लोग घायलWHO ने इबोला को घोषित किया वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल, भारत ने जारी की ट्रैवल एडवाइजरीBihar News : “मटन खाने से किया इनकार… फिर युवक पर बरसी लाठी-टांगी, बिहार के इस जिले में में अजीब विवाद2 करोड़ लोग ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ से जुड़े, बोले प्रशांत किशोर..जनता की नाराजगी सरकार को समझनी चाहिए

जांच के लिए गाड़ी रोके जाने पर भड़के विधायक,धमकाते हुए अधिकारी से बोले- औकात में रहो

CHATRA : लॉकडाउन के दौरान जांच के लिए गाड़ी रोके जाने पर विधायक जी भड़क उठे और अधिकारी को धमकी देते हुए औकात में रहने की बात कह डाली. मामला हजारीबाग जिला के परसौनी

FirstBihar
Anamika
2 मिनट

CHATRA : लॉकडाउन के दौरान जांच के लिए गाड़ी रोके जाने पर विधायक जी भड़क उठे और अधिकारी को धमकी देते हुए औकात में रहने की बात कह डाली.  मामला हजारीबाग जिला  के परसौनी के पास की है. 

जानकारी के अनुसार बताया जा रहा है कि रवीवार की दोपहर परसौनी के पास अस्थायी चेकनाका पर  विधायक उमाशंकर अकेला की गाड़ी दंडाधिकारी ने रोक दी. जिसके बाद विधायक उनसे उलझ बैठे और औकात में रहने की धमकी दे डाली. 

इस बाबत चेकनाका पर तैनत दंडाधिकारी का कहना है कि चेकनाका नहीं खोलने के कारण विधायक के साथ चल रहे शख्स ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया.  वहीं विधायक ने कहा कि तुम जेई हो, तो मुझे प्रणाम क्यों नहीं किया? प्रोटोकॉल को समझो. इसके बाद करीब आधे घंटे तक कहासुनी चली. बाद में मौके पर पहुंची बीडीओ ने मामले को शांत कराया. दंडाधिकारी ने बताया कि अधिकारियों का आदेश है कि पहले गाड़ियों का नंबर नोट किया जाए. इसके बाद चेकनाका खोलना है. इसी के दौरान लेट होने पर विधायक भड़क उठे. 

वहीं विधायक का कहना है कि उनके साथ गार्ड था. इसलिए दंडाधिकारी को समझना चाहिए था कि कोई वीआईपी ही होगा. गार्ड ने मेरा परिचय भी दिया. इसके बावजूद दंडाधिकारी ने चेकनाका नहीं खोला. सने मास्क भी नहीं पहन रखा था. मेरे सामने माथे पर चश्मा रखकर बात कर रहा था.